राजनांदगांव के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) कीर्तन राठौर ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपी युवक की नजर काफी समय से इस मासूम पर थी। जैसे ही उसे मौका मिला और बच्चा घर में अकेला दिखा, उसने इस खौफनाक और घिनौने कृत्य को अंजाम दे डाला। वारदात के बाद जब बच्चे की स्थिति बिगड़ने लगी, तो आरोपी घबराकर मौके से नौ दो ग्यारह हो गया।
जब घर के लोग वापस लौटे और उन्होंने बच्चे की हालत देखी, तो उनके होश उड़ गए। बदहवास हालत में परिजन तुरंत पीड़ित बच्चे को लेकर मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचे। डॉक्टरों की टीम बच्चे की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसका लगातार इलाज कर रही है, जहां फिलहाल उसका उपचार जारी है।
पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई, आरोपी गिरफ्तार
बच्चों की सुरक्षा पर फिर उठे गंभीर सवाल
इस रूह कंपा देने वाली घटना ने एक बार फिर समाज और प्रशासन के सामने बच्चों की सुरक्षा को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। इस कृत्य के सामने आने के बाद से सोशल मीडिया से लेकर सड़क तक लोग अपना गुस्सा जाहिर कर रहे हैं। शासन-प्रशासन के अधिकारियों सहित आम जनता भी इस घिनौनी करतूत की कड़े शब्दों में निंदा कर रही है और आरोपी को सख्त से सख्त सजा देने की मांग उठ रही है।