छत्तीसगढ़ राज्य स्तरीय आदिम जाति कल्याण, आवासीय एवं आश्रम शैक्षणिक संस्थान समिति ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों में कक्षा 6वीं में प्रवेश हेतु काउंसलिंग की तिथियां और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। आयोजित प्राक्चयन परीक्षा की प्रावीण्य सूची (मेरिट लिस्ट) और प्रतीक्षा सूची के आधार पर चयनित छात्रों के लिए यह काउंसलिंग 30 जून 2026 से शुरू होने जा रही है।
काउंसलिंग का कार्यक्रम विकासखंड एवं जिला स्तर पर 30 जून, 1 जुलाई और 2 जुलाई 2026 को आयोजित होगा। राज्य स्तर पर 3 जुलाई 2026 को काउंसलिंग होगी, जबकि विशेष पिछड़ी जनजाति एवं विशेष आरक्षित वर्ग के लिए 4 जुलाई 2026 की तिथि निर्धारित की गई है। आरक्षित दिवस 6 जुलाई 2026 को उन अभ्यर्थियों के लिए काउंसलिंग आयोजित की जाएगी, जो 30 जून से 4 जुलाई के बीच किसी कारणवश शामिल नहीं हो पाए।
सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगी प्रक्रिया
काउंसलिंग प्रक्रिया सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक चलेगी। यह काउंसलिंग संबंधित जिलों में संचालित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों में आयोजित की जाएगी। दस्तावेज सत्यापन के लिए अभ्यर्थियों को मूल निवास प्रमाण पत्र, स्थायी जाति प्रमाण पत्र, कक्षा 5वीं की अंकसूची, आधार कार्ड और सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी स्वास्थ्य प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। समिति ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई अभ्यर्थी 30 जून से 6 जुलाई के बीच आरक्षित दिवस को छोड़कर किसी अन्य दिन काउंसलिंग में उपस्थित होता है, तो उसे किसी भी स्थिति में प्रक्रिया से वंचित नहीं किया जाएगा।अभ्यर्थियों और अभिभावकों को पहले दी जाएगी सूचना
मेरिट सूची में शामिल सभी अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों को दूरभाष, एसएमएस, पंजीकृत डाक तथा विद्यालय एवं कार्यालय के सूचना पटल के माध्यम से काउंसलिंग की अग्रिम सूचना दी जाएगी। काउंसलिंग प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद राज्य स्तर से विद्यार्थियों को ऑनलाइन विद्यालय आबंटित किए जाएंगे। चयनित अभ्यर्थियों को आवंटित विद्यालय में प्रवेश की पुष्टि ऑनलाइन पोर्टल पर करना अनिवार्य होगा। इसके बाद ही रिक्त सीटों पर पुनः काउंसलिंग की योजना बनाई जाएगी।
पारदर्शी प्रवेश प्रक्रिया के लिए प्राचार्यों को निर्देश
समिति ने सभी संस्था प्रमुखों और प्राचार्यों को जारी मानक संचालन प्रक्रिया का पालन करते हुए प्रवेश प्रक्रिया को पारदर्शी एवं निष्पक्ष रूप से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
