Monday, 24 Aug 2026 भारत
ब्रेकिंग
Rape Accused Arrested: शादी का वादा कर बनाए संबंध, ढाई लाख रुपए लेकर दूसरी युवती से की शादी Jaipur School Dispute: CJP कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों के बीच झड़प, दोनों पक्षों ने दर्ज कराई FIR Chhattisgarh Police Recruitment: खाली पदों पर दूसरी वेटिंग लिस्ट की मांग को लेकर अभ्यर्थियों ने डिप्टी सीएम का घर घेरा Staff Nurse Suicide: भिलाई में हमर क्लीनिक की नर्स ने की आत्महत्या, कमरे में मिला शव Amravati Hospital Fire: सरकारी अस्पताल में बड़ा हादसा, वेंटिलेटर फटने से NICU में लगी भीषण आग, 3 नवजात शिशुओं की मौत पद का दुरुपयोग कर औने-पौने दाम में हथियाई जमीन, कटनी की निलंबित CSP नेहा पच्चीसिया पर FIR, SIT कर रही तलाश Rape Accused Arrested: शादी का वादा कर बनाए संबंध, ढाई लाख रुपए लेकर दूसरी युवती से की शादी Jaipur School Dispute: CJP कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों के बीच झड़प, दोनों पक्षों ने दर्ज कराई FIR Chhattisgarh Police Recruitment: खाली पदों पर दूसरी वेटिंग लिस्ट की मांग को लेकर अभ्यर्थियों ने डिप्टी सीएम का घर घेरा Staff Nurse Suicide: भिलाई में हमर क्लीनिक की नर्स ने की आत्महत्या, कमरे में मिला शव Amravati Hospital Fire: सरकारी अस्पताल में बड़ा हादसा, वेंटिलेटर फटने से NICU में लगी भीषण आग, 3 नवजात शिशुओं की मौत पद का दुरुपयोग कर औने-पौने दाम में हथियाई जमीन, कटनी की निलंबित CSP नेहा पच्चीसिया पर FIR, SIT कर रही तलाश
W 𝕏 f
होम रक्षा हवाई वार पर पैनी नजर : भारत के 244 संवेदनशील जिलो…
अत्याधुनिक एयर रेड वॉर्निंग सिस्टम
अत्याधुनिक एयर रेड वॉर्निंग सिस्टम
रक्षा

हवाई वार पर पैनी नजर : भारत के 244 संवेदनशील जिलों में लगेगा अत्याधुनिक एयर रेड वॉर्निंग सिस्टम

भारत सरकार ने देश की हवाई सुरक्षा को मजबूत करने के लिए 244 संवेदनशील और सीमावर्ती जिलों में अत्याधुनिक Air Raid Warning System (ARWS) स्थापित करने की योजना बनाई है। यह AI और आधुनिक रडार नेटवर्क से जुड़ा सिस्टम ड्रोन, मिसाइल और लड़ाकू विमानों जैसे हवाई खतरों का रियल-टाइम पता लगाकर नागरिकों और प्रशासन को तुरंत चेतावनी देगा।

कीर्तिमान न्यूज
01 Jun 2026, 11:55 AM
नई दिल्ली

देश की सुरक्षा को अभेद्य बनाने और आधुनिक युद्ध रणनीति (Modern Warfare) के खतरों से निपटने के लिए केंद्र सरकार ने एक बेहद महत्वाकांक्षी कदम उठाया है। 'ऑपरेशन सिंदूर' के अनुभवों से सबक लेते हुए सरकार अब देश के 244 सबसे संवेदनशील और सीमावर्ती जिलों को अत्याधुनिक एयर रेड वॉर्निंग सिस्टम (ARWS) के सुरक्षा चक्र से लैस करने जा रही है।

इस प्रोजेक्ट के तहत पाकिस्तान और चीन जैसे पड़ोसियों से सटे रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण इलाकों को सबसे पहले सुरक्षित किया जाएगा। हिंदुस्तान टाइम्स (HT) की रिपोर्ट के अनुसार, इस हाई-टेक नेटवर्क को सुचारू रूप से चलाने के लिए भारतीय वायुसेना (IAF) के अनुभवी पूर्व अधिकारियों की नियुक्ति प्रक्रिया भी तेजी से शुरू कर दी गई है।

क्या है ARWS प्रोजेक्ट और कैसे करेगा काम?

यह केवल एक पारंपरिक सायरन सिस्टम नहीं है, बल्कि यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और आधुनिक रडार नेटवर्क से जुड़ा एक एकीकृत चेतावनी ढांचा होगा।

  • मल्टी-थ्रेट डिटेक्शन: यह सिस्टम आसमान में मंडरा रहे दुश्मनों के सस्ते से सस्ते सुसाइड ड्रोन, अत्याधुनिक क्रूज व बैलिस्टिक मिसाइलों और लड़ाकू विमानों की पहचान पलक झपकते ही कर लेगा।

  • 244 जिलों का सुरक्षा कवच: इस प्रोजेक्ट के पूरा होते ही देश के सभी 244 चिन्हित जिले सीधे नेशनल एयर डिफेंस ग्रिड से जुड़ जाएंगे। इनमें से अधिकांश जिले राजस्थान, पंजाब, जम्मू-कश्मीर और पूर्वोत्तर के सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थित हैं।

  • फर्स्ट रिस्पॉन्स टाइम में सुधार: हवाई खतरे का पता चलते ही यह सिस्टम स्थानीय प्रशासन और नागरिकों को तत्काल (Real-time) चेतावनी भेजेगा, जिससे जान-माल के नुकसान को न्यूनतम किया जा सके।

'ऑपरेशन सिंदूर' ने क्यों बदली भारत की सोच?

हाल के वर्षों में युद्ध का तरीका पूरी तरह बदल चुका है। 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान भारत ने देखा कि कैसे पश्चिमी सीमा पर तुर्की निर्मित सस्ते ड्रोनों की मदद से दहशत फैलाने और भारतीय एयर डिफेंस को छकाने की कोशिश की गई थी।

क्यों पड़ी इसकी जरूरत?

  • पुराने सिस्टम की विफलता: 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद आई समीक्षा रिपोर्टों में खुलासा हुआ था कि कई इलाकों में पुराने पड़ चुके वॉर्निंग सिस्टम या तो समय पर काम नहीं कर पाए या उन्हें मैनुअल सायरन के भरोसे छोड़ना पड़ा था।

  • सिविल डिफेंस मैनुअल का अपग्रेडेशन: इस नए प्रोजेक्ट के माध्यम से जमीनी स्तर पर सिविल डिफेंस मैनुअल के नियमों के मुताबिक एक स्टैंडर्ड और फुल-प्रूफ एयर वॉर्निंग सिस्टम तैयार किया जा रहा है।

  • नागरिकों की भागीदारी: जैसे ही यह सिस्टम इंस्टॉल हो जाएगा, स्थानीय सिविल वॉलेंटियर्स और होम गार्ड्स को हवाई हमले के दौरान रेस्क्यू और सेफ्टी प्रोटोकॉल की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी।

एक नज़र में प्रोजेक्ट की रूपरेखा

विशेषताविवरण
कुल चिन्हित जिले244 (मुख्यतः सीमावर्ती और रणनीतिक क्षेत्र)
नोडल मंत्रालयगृह मंत्रालय (MHA), भारत सरकार
मुख्य लक्ष्यड्रोन, मिसाइल और फाइटर जेट्स से नागरिकों की सुरक्षा
तकनीकी टीमवायुसेना (IAF) के अनुभवी पूर्व एयर डिफेंस एक्सपर्ट्स

गृह मंत्रालय की कमान और एयरफोर्स के 'जांबाज' संभालेंगे मोर्चा

यह पूरा प्रोजेक्ट देश के गृह मंत्रालय (MHA) के अधीन आने वाले डायरेक्टोरेट जनरल- फायर सर्विस, सिविल डिफेंस और होम गार्ड्स की देखरेख में चलाया जा रहा है।

चूंकि यह मामला सीधे तौर पर हवाई सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए सरकार इसमें कोई कोताही नहीं बरत रही है। इस पूरे प्रोजेक्ट को लीड करने के लिए भारतीय वायुसेना (IAF) के उन रिटायर्ड अफसरों को नियुक्त किया जा रहा है, जिन्हें एयर डिफेंस ऑपरेशंस, रडार सिग्नल्स, इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और एयर-रेड प्रोसीजर का दशकों का व्यावहारिक अनुभव है।

यह आधुनिक एयर डिफेंस वॉर्निंग सिस्टम न केवल सीमाओं पर देश की ताकत बढ़ाएगा, बल्कि किसी भी आपात स्थिति में आम नागरिकों की सुरक्षा को अचूक गारंटी प्रदान करेगा।

क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग
दुर्ग संभाग
बिलासपुर संभाग
सरगुजा संभाग
बस्तर संभाग
देश
विदेश
सरकारी सूचना
राजनीति
खेल
मनोरंजन
कारोबार
कीर्तिमान विशेष
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें