छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में शासकीय संगीत महाविद्यालय की स्थापना कर दी गई है। यह संस्थान बस्तर क्षेत्र में कला और संगीत शिक्षा को नई दिशा देने की पहल के रूप में देखा जा रहा है। यहां 4 वर्षीय बैचलर ऑफ परफॉर्मिंग आर्ट्स (BPA) पाठ्यक्रम की शुरुआत की गई है और प्रवेश प्रक्रिया भी प्रारंभ हो चुकी है।
महाविद्यालय का संचालन फिलहाल शासकीय दंतेश्वरी पीजी महिला महाविद्यालय, जगदलपुर परिसर से किया जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि आने वाले समय में इसे पूर्ण विकसित संगीत महाविद्यालय के रूप में स्थापित किया जाएगा, जहां अलग से सभी शैक्षणिक और प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
12वीं पास सभी के लिए अवसर
कुलपति ने किया निरीक्षण
हाल ही में इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय, खैरागढ़ की कुलपति डॉ. लवली शर्मा ने महाविद्यालय का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यार्थियों से संवाद कर उनकी रुचियों और आवश्यकताओं को समझा तथा उपलब्ध शैक्षणिक एवं आधारभूत सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने संगीत शिक्षा की गुणवत्ता और विस्तार को लेकर कई सुझाव भी दिए।
इस महाविद्यालय के शुरू होने से बस्तर अंचल के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को बड़ा लाभ मिलेगा। अब उन्हें संगीत और प्रदर्शन कलाओं की पढ़ाई के लिए दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। संस्थान का उद्देश्य केवल डिग्री देना नहीं, बल्कि बस्तर की समृद्ध लोक संगीत, जनजातीय कला और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित और बढ़ावा देना भी है।
