Raw Onion Benefits: भारतीय खानपान में प्याज और लहसुन का इस्तेमाल आम है। कई लोग खाने के साथ कच्चा प्याज खाना पसंद करते हैं, जबकि कुछ लोग सुबह खाली पेट लहसुन की कली का सेवन करते हैं। सब्जियों और दूसरी डिश में भी इनका इस्तेमाल खूब होता है। हालांकि, कच्चे प्याज और लहसुन में मौजूद कुछ प्राकृतिक यौगिकों के कारण इन्हें सेहत के लिहाज से भी उपयोगी माना जाता है।
कच्चे प्याज में विटामिन C, विटामिन B6, फोलेट, पोटैशियम और एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं। इसके अलावा इसमें क्वेरसेटिन जैसे प्लांट कंपाउंड और सल्फर यौगिक भी मौजूद होते हैं। ये तत्व शरीर की सामान्य एंटीऑक्सीडेंट सुरक्षा को सपोर्ट करने में भूमिका निभा सकते हैं।
ब्लड शुगर मैनेजमेंट में मिल सकती है मदद
प्याज में मौजूद सल्फर यौगिक और अन्य प्लांट कंपाउंड शरीर में ग्लूकोज मेटाबॉलिज्म से जुड़े कुछ प्रक्रियाओं को प्रभावित कर सकते हैं। इसी वजह से संतुलित डाइट के हिस्से के तौर पर प्याज को ब्लड शुगर मैनेजमेंट के लिए उपयोगी माना जाता है। हालांकि, डायबिटीज से पीड़ित लोगों को केवल प्याज के भरोसे दवाएं या डॉक्टर की सलाह बंद नहीं करनी चाहिए।
पाचन के लिए भी उपयोगी है प्याज
कच्चे प्याज में प्रीबायोटिक फाइबर पाए जाते हैं, जो आंत में मौजूद अच्छे बैक्टीरिया के लिए उपयोगी होते हैं। नियमित और संतुलित मात्रा में इसका सेवन आंतों के माइक्रोबायोम को सपोर्ट कर सकता है और पाचन प्रक्रिया को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकता है।कच्चे लहसुन में एलिसिन की अहम भूमिका
लहसुन में एलिसिन समेत कई सल्फर यौगिक पाए जाते हैं। लहसुन को काटने, कुचलने या पीसने के दौरान एलिसिन बनता है। इसके अलावा इसमें विटामिन C, विटामिन B6, मैंगनीज और एंटीऑक्सीडेंट भी मौजूद होते हैं। यही प्राकृतिक यौगिक लहसुन को पोषण के लिहाज से खास बनाते हैं।
इम्यून सिस्टम को सपोर्ट करता है लहसुन
कच्चे लहसुन में मौजूद एलिसिन और अन्य सल्फर यौगिक शरीर की प्राकृतिक प्रतिरक्षा प्रणाली को सपोर्ट कर सकते हैं। बदलते मौसम में होने वाली सामान्य सर्दी-जुकाम जैसी समस्याओं से बचाव में इसकी भूमिका को लेकर भी अध्ययन हुए हैं। फिर भी स्वस्थ इम्यूनिटी के लिए संतुलित आहार, पर्याप्त नींद और नियमित शारीरिक गतिविधि ज्यादा महत्वपूर्ण हैं।
ब्लड प्रेशर को मैनेज करने में मददगार हो सकता है लहसुन
लहसुन में पाए जाने वाले सल्फर यौगिकों पर किए गए कई अध्ययनों में ब्लड प्रेशर से जुड़े संभावित लाभ सामने आए हैं। कुछ लोगों में इसका सेवन रक्तचाप को सामान्य बनाए रखने में सहायक हो सकता है। हालांकि, हाई ब्लड प्रेशर की समस्या होने पर लहसुन को दवा का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।दिल की सेहत के लिए भी फायदेमंद हो सकता है
लहसुन में मौजूद बायोएक्टिव कंपाउंड्स कोलेस्ट्रॉल और हृदय स्वास्थ्य से जुड़े कुछ जोखिम कारकों को नियंत्रित करने में मदद कर सकते हैं। संतुलित डाइट में लहसुन को शामिल करना हार्ट हेल्थ के लिए फायदेमंद हो सकता है, लेकिन केवल इसके सेवन से हृदय संबंधी बीमारियों से बचाव की गारंटी नहीं होती।
कितनी मात्रा में करें सेवन
कच्चा प्याज और लहसुन हर व्यक्ति को एक ही तरह से सूट करे, यह जरूरी नहीं है। अधिक मात्रा में कच्चा प्याज या लहसुन खाने से कुछ लोगों को गैस, एसिडिटी, पेट में जलन या अन्य पाचन संबंधी परेशानी हो सकती है। इसलिए इन्हें अपनी सहनशीलता और खानपान के अनुसार सीमित मात्रा में लेना बेहतर है।

