मेडिकल कॉलेज में इलाज की व्यवस्थाओं को लेकर एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक युवक अपने पिता की मौत के बाद रोते हुए मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाता दिखाई दे रहा है। युवक का कहना है कि उसके पिता की हालत बेहद गंभीर थी, लेकिन अस्पताल में उन्हें समय पर उचित उपचार नहीं मिल पाया, जिसके कारण उनकी जान चली गई। वायरल वीडियो में युवक ने अस्पताल में तैनात कुछ डॉक्टरों का नाम लेते हुए आरोप लगाया कि जब उसके पिता जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे थे, तब डॉक्टर अपने कर्तव्यों के प्रति गंभीर नहीं थे। युवक का दावा है कि कुछ डॉक्टर मरीज की स्थिति पर ध्यान देने के बजाय मोबाइल में PubG गेम खेलने में व्यस्त थे।
मोबाइल गेम खेलने का दावा
युवक ने आरोप लगाया कि उसके पिता को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के बजाय बिना पर्याप्त उपचार के ही दूसरे अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। उसने कहा कि समय पर इलाज और चिकित्सकीय निगरानी मिलने से शायद उसके पिता की जान बच सकती थी। हालांकि, इन आरोपों की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
इलाज की प्रक्रिया पर सवाल
मृतक के परिजनों ने मेडिकल कॉलेज की स्वास्थ्य सेवाओं और डॉक्टरों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि गंभीर मरीजों के इलाज में लापरवाही बरती गई और समय रहते जरूरी कदम नहीं उठाए गए। इस घटना के बाद अस्पताल की व्यवस्थाओं और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है। वीडियो सामने आने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग में हलचल बढ़ गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपों की जांच की बात सामने आ रही है। प्रशासन का कहना है कि जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि युवक द्वारा लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है।सामने आएगी पूरी सच्चाई
फिलहाल वायरल वीडियो में लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है। किसी भी चिकित्सक या अस्पताल प्रबंधन पर निष्कर्ष निकालने से पहले जांच रिपोर्ट का इंतजार करना जरूरी है। यदि जांच में लापरवाही साबित होती है तो संबंधित लोगों पर कार्रवाई की जा सकती है। वहीं, यदि आरोप गलत पाए जाते हैं तो उसकी स्थिति भी स्पष्ट हो जाएगी।


