रायपुर में ‘द लोकल मेकर्स मार्केट’ का समापन, कलाकारों ने दिखाई कला और संस्कृति की झलक
रायपुर में आयोजित ‘द लोकल मेकर्स मार्केट – एडिशन 2’ में देशभर के शिल्पकारों और कलाकारों ने अपनी कला, हस्तशिल्प और रचनात्मक उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई। तीन दिवसीय इस आयोजन में 70 से अधिक मेकर्स और 10 से ज्यादा कलाकारों ने हिस्सा लिया, जहां हैंडमेड उत्पाद, लाइव क्राफ्ट डेमोंस्ट्रेशन, वर्कशॉप और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने लोगों को आकर्षित किया।
कीर्तिमान डेस्क
02 Aug 2026, 05:47 PM
रायपुर
रायपुर के विधानसभा रोड स्थित द वाहे में आयोजित ‘द लोकल मेकर्स मार्केट – एडिशन 2’ का तीसरा और अंतिम दिन भी लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बना रहा। 31 जुलाई से शुरू हुए इस तीन दिवसीय आयोजन में देशभर से पहुंचे शिल्पकारों, कलाकारों और मेकर्स ने अपनी रचनात्मकता, पारंपरिक कला और हस्तनिर्मित उत्पादों के जरिए लोगों को भारतीय संस्कृति की विविधता से रूबरू कराया। आयोजन के अंतिम दिन भी बड़ी संख्या में लोग यहां पहुंचे और कलाकारों के हुनर को करीब से देखा।
देशभर के कलाकारों और मेकर्स ने लिया हिस्सा
इस खास आयोजन में उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश सहित देश के कई राज्यों से आए कलाकारों और मेकर्स ने भागीदारी निभाई। मेकर्स मार्केट में 70 से अधिक मेकर्स और 10 से ज्यादा कलाकारों ने अपने-अपने क्षेत्र की कला और शिल्प को प्रदर्शित किया। अलग-अलग राज्यों से आए कलाकार अपने साथ वहां की पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और रचनात्मक उत्पाद लेकर पहुंचे, जिसने लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
मेकर्स मार्केट में हस्तशिल्प प्रदर्शनी
हस्तनिर्मित उत्पादों की दिखी शानदार रेंज
मेकर्स मार्केट में हस्तनिर्मित फैशन, होम डेकोर, ज्वेलरी, पॉटरी, फाइन आर्ट, मूर्तिकला, प्राकृतिक उत्पादों और कई तरह के अनोखे हस्तशिल्प उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई गई। यहां मौजूद स्टॉल्स पर लोगों ने कलाकारों के बनाए उत्पादों को देखा और उनकी खरीदारी भी की। खास बात यह रही कि लोग केवल उत्पाद खरीदने तक सीमित नहीं रहे, बल्कि कलाकारों से बातचीत कर उनकी कला, तकनीक और मेहनत के बारे में भी जानकारी लेते नजर आए।
कला के साथ सीखने और अनुभव का मौका
आयोजन में सिर्फ प्रदर्शनी और बिक्री ही नहीं, बल्कि कई रचनात्मक गतिविधियां भी आयोजित की गईं। लाइव क्राफ्ट डेमोंस्ट्रेशन के जरिए कलाकारों ने लोगों को अपनी कला तैयार करने की प्रक्रिया दिखाई। इसके अलावा क्रिएटिव वर्कशॉप में युवाओं और बच्चों ने भी उत्साह के साथ हिस्सा लिया। इन गतिविधियों ने मेकर्स मार्केट को एक सामान्य प्रदर्शनी से अलग अनुभव प्रदान किया।
संगीत और खान-पान ने बढ़ाई आयोजन की रौनक
मेकर्स मार्केट में क्षेत्रीय व्यंजनों के स्टॉल भी आकर्षण का केंद्र रहे। अलग-अलग स्वाद के व्यंजनों का लोगों ने आनंद लिया। वहीं हर शाम आयोजित होने वाली लोक, शास्त्रीय और हस्तशिल्प स्टॉल की झलकसूफी संगीत की प्रस्तुतियों ने पूरे परिसर को उत्सव के माहौल में बदल दिया। संगीत, कला और खान-पान के इस संगम ने परिवारों, युवाओं और बच्चों को अपनी ओर आकर्षित किया।
रायपुर में कला के प्रति उत्साह
तीन दिनों तक चले इस आयोजन में शहरवासियों की अच्छी भागीदारी देखने को मिली। परिवारों के साथ पहुंचे लोगों ने हस्तशिल्प उत्पादों की खरीदारी की, कलाकारों से मुलाकात की और देश के अलग-अलग हिस्सों की कला परंपराओं को समझा। युवाओं और बच्चों के लिए भी यह आयोजन नई चीजें सीखने और रचनात्मकता को समझने का एक बेहतर मंच साबित हुआ।
कलाकारों को पहचान दिलाना का उद्देश्य
‘द लोकल मेकर्स मार्केट’ की फाउंडर पारुल खुराना ने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य केवल उत्पादों की बिक्री करना नहीं है, बल्कि देशभर के कलाकारों और स्थानीय शिल्पकारों को एक ऐसा मंच देना है, जहां वे अपनी कला को लोगों तक पहुंचा सकें। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से कलाकारों को नई पहचान मिलती है और लोगों को देश की समृद्ध कला एवं संस्कृति को करीब से जानने का अवसर मिलता है।