Bastar News: जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर नकेल कसने के लिए पुलिस का अभियान लगातार तेज होता जा रहा है। इसी कड़ी में बीते 48 घंटों के भीतर पुलिस ने दो अलग-अलग जगहों पर बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 56 किलोग्राम गांजे की खेप बरामद की है। पकड़े गए गांजे की बाज़ार में कीमत लगभग 28 लाख 7 हजार रुपये आंकी गई है। दोनों ही मामलों में आरोपियों को धर दबोचा गया है और उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। तस्करी का तरीका इतना शातिराना था कि एक आरोपी तो ओडिशा से स्कूटी पर गांजा ला रहा था, वहीं दूसरे ने पुलिस से बचने के लिए अपने घर की बाड़ी में बाकायदा जमीन खोदकर प्लास्टिक ड्रम दबा रखा था।
खबर मिलते ही पुलिस ने की घेराबंदी
पहली सफलता बोधघाट पुलिस टीम के हाथ लगी। 30 अगस्त की सुबह पुलिस को सटीक मुखबिर से खबर मिली कि नीले रंग की स्कूटी (CG 17 KX 3018) पर सवार एक व्यक्ति ओडिशा के रास्ते नानगुर होते हुए आड़ावाल रेलवे फाटक की तरफ बढ़ रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने रेलवे फाटक के पास नाकाबंदी (MCP कार्रवाई) शुरू कर दी। जैसे ही संदिग्ध स्कूटी वहां पहुँची, पुलिस ने उसे घेरकर रोक लिया।
गांजा के साथ सामान भी जब्त
पूछताछ में चालक ने अपना नाम लखमू नाग (33 वर्ष) निवासी कावापाल नाका पारा (थाना नानगुर) बताया। जब स्कूटी पर रखी सफेद बोरी की तलाशी ली गई, तो उसमें से 14.144 किलोग्राम गांजा निकला, जिसकी कीमत लगभग ₹7,07,200 है। पुलिस ने गांजे के साथ-साथ एक पुराना वीवो मोबाइल, नीले रंग की स्कूटी और ₹500 नकद जब्त किए हैं। जब्त कुल सामान की कीमत ₹7.42 लाख से अधिक बताई जा रही है। दूसरी हैरान कर देने वाली कार्रवाई करपावंड थाना क्षेत्र के छतौड़ी गांव में हुई।

गड्ढा खोदा छिपाया था गांजा
31 अगस्त को पुलिस को खबर मिली थी कि गाँव का लालू प्रसाद बघेल (25 वर्ष) अपने घर में भारी मात्रा में अवैध गांजा छिपाकर रखा है। सूचना की पुष्टि होते ही पुलिस टीम ने गवाहों को साथ लेकर आरोपी के घर पर दबिश दी। जब घर की गहन तलाशी ली गई, तो पुलिस कर्मी भी हैरान रह गए। आरोपी ने पुलिस की नजरों से बचने के लिए अपने घर के पीछे बाड़ी में गहरा गड्ढा खोदा था और उसमें प्लास्टिक का ड्रम गाड़कर गांजा छिपा रखा था।21 लाख का गांजा किया जब्त
इसके अलावा कुछ माल घर के अंदर बोरी में रखा मिला। दोनों जगहों से पुलिस ने कुल 42 किलोग्राम गांजा बरामद किया, जिसकी कीमत करीब 21 लाख रुपये है। मौके से एक टचस्क्रीन मोबाइल और ₹1,200 नकद भी बरामद किए गए। गांजे के संबंध में आरोपी कोई वैध दस्तावेज़ या लाइसेंस पेश नहीं कर सका। बस्तर पुलिस अधीक्षक (SP) शलभ कुमार सिन्हा ने साफ किया है कि जिले में नशे के अवैध कारोबार और तस्करी को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस की यह मुहिम आगे भी इसी तरह पूरी सख्ती के साथ जारी रहेगी।
थाना प्रभारियों की रही अहम भूमिका
इन दोनों कार्रवाइयों में थाना प्रभारियों की भूमिका अहम रही। पहली कार्रवाई बोधघाट थाना प्रभारी निरीक्षक टामेश्वर चौहान के नेतृत्व में की गई, जबकि दूसरी बड़ी सफलता करपावंड थाना प्रभारी निरीक्षक दिलबाग सिंह की टीम के हाथ लगी।