Bhilai fake note case: शहर में जाली नोट खपाने की आशंका से जुड़ा एक संदिग्ध मामला सामने आया है। नेहरू नगर निवासी पुरुषोत्तम बाघ नाम के एक युवक ने दावा किया है कि उसे बटालियन स्थित सरकारी शराब भट्टी से 200 रुपए का नकली नोट थमा दिया गया। हालांकि, मामले में अभी तक पुलिस से आधिकारिक शिकायत नहीं की गई है, लेकिन अगर यह दावा सच निकलता है तो जिले में नकली नोटों के चलन को लेकर बड़े सवाल खड़े होते हैं। मिली जानकारी के मुताबिक, घटना तीन सितंबर की रात करीब साढ़े नौ बजे की है।
नहीं लगी युवक को भनक
पीड़ित पुरुषोत्तम बटालियन शराब भट्टी पर शराब खरीदने पहुंचा था। वहां उसने काउंटर पर तैनात कर्मचारी को 500 रुपए का नोट दिया। कर्मचारी ने बिल काटने के बाद उसे 300 रुपए वापस किए, जिसमें 200 रुपए का एक और 100 रुपये का एक नोट शामिल था। रात के समय ध्यान न देने के कारण युवक पैसे जेब में रखकर घर लौट आया। मामले की भनक युवक को अगले दिन लगी, जब वह अपनी गाड़ी का पंचर बनवाने एक दुकान पर गया।
रोशनी के सामने रखने पर वाॅटरमार्क हो रहा धुंधला
भुगतान के लिए जब उसने भट्टी से मिला वही 200 रुपए का नोट दुकानदार को दिया, तो उसने नोट को संदिग्ध बताते हुए लेने से साफ इनकार कर दिया। संदेश होने पर युवक ने जब उस नोट की तुलना अपने पास रखे एक अन्य 200 रुपए के असली नोट से की, तो अंतर साफ समझ आ गया। नोट को रोशनी के सामने रखकर देखने पर महात्मा गांधी का वॉटरमार्क (तस्वीर) और 200 रुपए का अंक पूरी तरह गायब या धुंधला नजर आ रहा था।पीड़ित युवक ने की लिखित शिकायत दर्ज
मामले की भनक लगने के बाद भी पीड़ित ने अभी तक थाने में इसकी सूचना नहीं दी है, जिसके चलते नोट के फर्जी होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है। इस संबंध में दुर्ग के एसएसपी विजय अग्रवाल ने बताया कि पीड़ित युवक को तत्काल संबंधित थाने में जाकर मामले की लिखित शिकायत दर्ज करानी चाहिए। पुलिस में शिकायत आने के बाद ही नोट की जांच की जाएगी और यह पता लगाया जाएगा कि नोट असली है या नकली, और यदि नकली है तो यह शराब भट्टी तक कैसे पहुंचा।

