छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में पुलिस ने अंतर्राज्यीय स्तर पर संचालित हो रही गांजा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। और कब्जे से करीब 68 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया है, जिसकी बाजार कीमत 62.63 लाख रुपए से अधिक बताई जा रही है। साथ ही पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की गई दो कारों को भी जब्त किया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी ओडिशा से गांजा लाकर दूसरे राज्यों तक इसकी सप्लाई करने की तैयारी में थे।
पुलिस को मुखबिर के माध्यम से सूचना मिली थी कि ओडिशा की ओर से दो सफेद रंग की कारों में बड़ी मात्रा में अवैध गांजा ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही एर्राबोर थाना पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर एर्राबोर बाजार के पास घेराबंदी कर कर्रवाई की|
कुल 68 पैकेट गांजा बरामद
वाहनों की तलाशी के दौरान पुलिस को दोनों कारों से कुल 50 पैकेट गांजा बरामद हुआ। जब पुलिस ने कार सवार युवकों से सामान के बारे में पूछताछ की तो वे स्पष्ट जवाब नहीं दे सके और लगातार टालमटोल करते रहे। इसके बाद पुलिस ने विस्तृत तलाशी ली, जिसमें कुल 68 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद हुआ। जब्त मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत 62 लाख 63 हजार 100 रुपये आंकी गई है। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कर्नाटक के बीदर जिले के रहने वाले तीन युवकों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सोहेल खान, अब्दुल अदील और आकाश गौड़ के रूप में हुई है। तीनों को हिरासत में लेकर एर्राबोर थाना लाया गया, जहां उनसे विस्तृत पूछताछ की जा रही है। पुलिस का मानना है कि ये आरोपी किसी बड़े अंतर्राज्यीय तस्करी नेटवर्क का हिस्सा हो सकते हैं।
फर्जी नंबर प्लेट, मोबाइल और नकदी भी जब्त
गांजा के अलावा पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तस्करी में इस्तेमाल की गई दो कार, फर्जी नंबर प्लेट, मोबाइल फोन, नगद राशि और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज भी बरामद किए हैं। बरामद सामग्री की जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि तस्करी के इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया है। और सभी आरोपियों को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई जारी है।पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई केवल तीन आरोपियों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है। जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि गांजा की खेप कहां से लाई गई थी, इसे किस राज्य तक पहुंचाया जाना था और इस पूरे गिरोह में कितने लोग सक्रिय हैं। पुलिस को उम्मीद है कि जांच आगे बढ़ने पर अंतर्राज्यीय नशा तस्करी से जुड़े कई अहम खुलासे सामने आ सकते हैं।