CG News: बालोद जिले में हाईवे पेट्रोलिंग टीम और स्वास्थ्यकर्मियों की तत्परता से गर्भवती महिला का सुरक्षित प्रसव कराया गया। महिला अपने पति के साथ सोनोग्राफी और नियमित स्वास्थ्य जांच के लिए धमतरी जा रही थी। इसी दौरान फागुनदहा चौक के पास अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। मौके पर मौजूद लोगों और पेट्रोलिंग टीम की मदद से महिला को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिलीं। फिलहाल जच्चा और नवजात दोनों सुरक्षित बताए जा रहे हैं।
राहगीरों ने तत्काल इसकी सूचना हाईवे पेट्रोलिंग टीम को दी। सूचना मिलते ही आरक्षक मनोज मेश्राम, आरक्षक थमेंद्र देवांगन और वाहन चालक हीरेन्द्र साहू मौके पर पहुंचे। महिला की स्थिति को देखते हुए पेट्रोलिंग टीम ने पुरुर शासकीय अस्पताल से स्वास्थ्यकर्मियों को अपने वाहन से घटनास्थल तक पहुंचाया।
फागुनदहा चौक के पास बिगड़ी महिला की तबीयत
जानकारी के अनुसार, गुरुर थाना क्षेत्र के ग्राम टेंगनाबरपारा निवासी कुसुमलता सिन्हा अपने पति सतीश सिन्हा के साथ अस्पताल जा रही थीं। रास्ते में फागुनदहा चौक के पास उन्हें अचानक तेज प्रसव पीड़ा होने लगी। दर्द बढ़ने के कारण वह सड़क किनारे बैठ गईं। स्थिति को देखते हुए राहगीरों ने बिना देर किए हाईवे पेट्रोलिंग टीम को इसकी सूचना दी।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पेट्रोलिंग टीम
सूचना मिलने के बाद हाईवे पेट्रोलिंग टीम के आरक्षक मनोज मेश्राम, आरक्षक थमेंद्र देवांगन और वाहन चालक हीरेन्द्र साहू तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे। महिला की स्थिति को देखते हुए टीम ने तुरंत सहायता की व्यवस्था की। पेट्रोलिंग कर्मियों ने पुरुर शासकीय अस्पताल से स्वास्थ्यकर्मियों को अपने वाहन के जरिए मौके तक पहुंचाया, ताकि महिला को समय पर चिकित्सा सहायता मिल सके।स्वास्थ्यकर्मियों की मदद से सड़क किनारे हुआ प्रसव
घटनास्थल पर पहुंचीं स्वास्थ्य विभाग की सीएचओ माधवी धुरु, स्टाफ नर्स भारती साहू और वार्ड आया यशोमति साहू ने प्रसव कराने में अहम भूमिका निभाई। स्वास्थ्यकर्मियों की देखरेख में महिला ने सड़क किनारे एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। नवजात का वजन 3 किलो 200 ग्राम बताया गया है। समय पर मिली मदद से प्रसव सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सका।
जच्चा और नवजात को अस्पताल में कराया गया भर्ती
प्रसव के बाद हाईवे पेट्रोलिंग टीम ने महिला और नवजात को आगे की देखभाल के लिए पुरुर शासकीय अस्पताल पहुंचाया, जहां दोनों को भर्ती कराया गया। फिलहाल जच्चा और बच्चा दोनों की स्थिति सुरक्षित बताई जा रही है। इस घटना में हाईवे पेट्रोलिंग टीम और स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों की तत्परता से मां और नवजात को समय पर सहायता मिल सकी।







