CG Road Problem: रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ विकासखंड के पेलमा क्षेत्र से एक बार फिर ग्रामीण इलाकों में सड़क सुविधा की कमी की तस्वीर सामने आई है। दर्रापारा गांव में प्रसव पीड़ा से परेशान गर्भवती महिला को अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रामीणों को खाट का सहारा लेना पड़ा। गांव तक सड़क नहीं होने के कारण एंबुलेंस या अन्य वाहन मौके तक नहीं पहुंच सका। शुक्रवार देर रात महिला की तबीयत बिगड़ने के बाद परिजनों ने ग्रामीणों की मदद से खाट की व्यवस्था की।
इसके बाद महिला को खाट पर लिटाकर ग्रामीणों ने उसे कंधों पर उठाया और अंधेरे में कुरजा नाला पार करते हुए स्वास्थ्य केंद्र की ओर रवाना हुए। ग्रामीणों के सामने सबसे बड़ी चुनौती कुरजा नाला था, जिसमें बारिश के कारण पानी भरा हुआ था। इसके बावजूद सावधानी बरतते हुए ग्रामीणों ने महिला को सुरक्षित तरीके से नाला पार कराया। इसके बाद करीब डेढ़ किलोमीटर पैदल चलकर उसे पेलमा की मुख्य बस्ती स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। इस पूरी घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें ग्रामीणों द्वारा गर्भवती महिला को खाट पर ले जाते हुए देखा जा सकता है।
स्वास्थ्य केंद्र पहुंचते ही कराया गया प्रसव
उप स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने के बाद स्वास्थ्य कर्मियों ने तुरंत महिला का इलाज शुरू किया। इसके बाद सुरक्षित प्रसव कराया गया। राहत की बात यह रही कि महिला और नवजात दोनों स्वस्थ हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, दोनों को निगरानी में रखा गया है। स्थिति सामान्य रहने पर कुछ दिनों बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी जाएगी। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि दर्रापारा गांव में लंबे समय से सड़क की समस्या बनी हुई है। खासकर बारिश के मौसम में नालों में पानी बढ़ने से आवागमन और कठिन हो जाता है। ऐसे हालात में मरीजों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रामीणों को खुद ही व्यवस्था करनी पड़ती है।स्वास्थ्य अधिकारी ने बताई स्थिति
खंड चिकित्सा अधिकारी गजानंद राठिया ने बताया कि उप स्वास्थ्य केंद्र कुरजा नाला से लगभग 50 मीटर की दूरी पर स्थित है, जबकि दर्रापारा गांव वहां से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर है। बारिश के दिनों में सड़क नहीं होने के कारण चार पहिया वाहन भी गांव तक नहीं पहुंच पाते हैं, जिससे ग्रामीणों को इस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

