महासमुंद में शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं संबद्ध चिकित्सालय में स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने और संस्थान के समग्र विकास को गति देने के उद्देश्य से स्वशासी समिति (गवर्निंग बॉडी) की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता संभागायुक्त श्यामलाल धावड़े ने की, जबकि कलेक्टर विनय कुमार लंगेह भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
23 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर हुई विस्तृत चर्चा
मेडिकल कॉलेज परिसर में आयोजित इस बैठक में कुल 23 महत्वपूर्ण एजेंडों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। इनमें वर्ष 2026-27 के प्रस्तावित बजट को मंजूरी देने के साथ-साथ नए स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रम शुरू करने, आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की खरीद, मल्टीफंक्शनल प्रोजेक्टर, वाटर कूलर, मल्टीफंक्शनल जिम तथा छात्रावासों की मरम्मत और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास से जुड़े प्रस्ताव शामिल रहे।
सुविधाओं को आधुनिक बनाने पर जोर
बैठक में मरीजों और कर्मचारियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अस्पताल में मॉड्यूलर किचन विकसित करने, ओपीडी में कियोस्क सुविधा शुरू करने, परिसर के विभिन्न हिस्सों में सीसीटीवी कैमरे लगाने तथा ब्लड स्टोरेज सेंटर को मॉडल ब्लड सेंटर के रूप में विकसित करने पर भी सहमति बनी। इसके अलावा विभागों की जरूरतों के अनुसार हल्के मालवाहक वाहन और आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की खरीदी के प्रस्तावों पर भी चर्चा की गई।
प्रशासनिक और वित्तीय विषयों पर भी बनी सहमति
स्वशासी समिति की बैठक में आउटसोर्स कर्मचारियों की व्यवस्था, विशेषज्ञ चिकित्सकों के नामांकन, चिकित्सकों के प्रशिक्षण, बैंक खाते के स्थानांतरण तथा संबद्ध चिकित्सालय से जुड़े विभिन्न वित्तीय और प्रशासनिक विषयों पर भी विस्तार से विचार किया गया। इन निर्णयों से मेडिकल कॉलेज की कार्यप्रणाली को अधिक व्यवस्थित और प्रभावी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
वरिष्ठ अधिकारियों की रही मौजूदगी
बैठक में शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय की अधिष्ठाता डॉ. रेणुका गहिने सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, चिकित्सा विशेषज्ञ और संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में लिए गए निर्णयों से आने वाले समय में मेडिकल कॉलेज और संबद्ध चिकित्सालय में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और संसाधनों में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद जताई गई।