एक बार फिर कला, संस्कृति और हस्तशिल्प के बड़े केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत करने जा रही है। शहर के लोकप्रिय कम्युनिटी इवेंट्स और कंटेंट प्लेटफॉर्म द लोकल (The Local) की ओर से द लोकल मेकर्स मार्केट – एडिशन II का आयोजन किया जा रहा है। यह तीन दिवसीय आयोजन 31 जुलाई से 2 अगस्त तक चलेगा। यह खास आयोजन विधानसभा रोड स्थित द वाहे (The Vaahe) में आयोजित होगा, जहां दोपहर 12 बजे से रात 10 बजे तक लोग देशभर के कलाकारों, शिल्पकारों और रचनाकारों की कला से रूबरू हो सकेंगे। आयोजन का उद्देश्य सिर्फ खरीदारी का अवसर देना नहीं है, बल्कि देश की विविध सांस्कृतिक परंपराओं को एक मंच पर लाना भी है।
मेकर्स और कलाकार होंगे शामिल
द लोकल मेकर्स मार्केट के दूसरे संस्करण में इस बार देश के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में मेकर्स और कलाकार शामिल होंगे। आयोजन में 70 से अधिक मेकर्स और 10 से ज्यादा कलाकार अपनी कला और रचनात्मकता का प्रदर्शन करेंगे। उत्तर प्रदेश, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों के शिल्पकार रायपुर पहुंचेंगे। इनमें पारंपरिक हस्तकला से जुड़े कलाकारों के साथ-साथ आधुनिक डिजाइन और क्रिएटिव प्रोडक्ट तैयार करने वाले मेकर्स भी शामिल होंगे। आयोजकों का कहना है कि इस आयोजन के माध्यम से छोटे शहरों और स्थानीय कलाकारों को बड़ा मंच देने की कोशिश की जा रही है। मेकर्स मार्केट देशभर के हुनरमंद लोगों को ग्राहकों और कला प्रेमियों से सीधे जोड़ने का काम करेगा।

संस्कृति का अनुभव देगा आयोजन
द लोकल मेकर्स मार्केट को इस बार केवल एक बाजार के रूप में नहीं, बल्कि एक सांस्कृतिक उत्सव के तौर पर तैयार किया गया है। यहां आने वाले लोगों को कला, संगीत, खानपान और रचनात्मक गतिविधियों का एक साथ अनुभव मिलेगा। मार्केट में हस्तनिर्मित फैशन उत्पाद, होम डेकोर आइटम, ज्वेलरी, पॉटरी, फाइन आर्ट, मूर्तिकला और कई तरह की पारंपरिक एवं आधुनिक कलाकृतियां देखने को मिलेंगी। इसके अलावा आयोजन स्थल पर लाइव क्राफ्ट डेमोंस्ट्रेशन भी होंगे, जहां कलाकार अपनी कला को बनाते हुए दिखाएंगे। इससे लोगों को यह समझने का मौका मिलेगा कि किसी हस्तनिर्मित वस्तु के पीछे कितनी मेहनत, समय और रचनात्मक सोच जुड़ी होती है। आयोजन में रचनात्मक वर्कशॉप, क्षेत्रीय व्यंजनों के स्टॉल और हर शाम लोक, शास्त्रीय तथा सूफी संगीत की प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
दिखेगी छत्तीसगढ़ की समृद्ध कला
इस बार द लोकल मेकर्स मार्केट का सबसे बड़ा आकर्षण ‘बस्तर पवेलियन’ रहेगा। इस विशेष पवेलियन को छत्तीसगढ़ शासन के ग्रामीण उद्योग विभाग के सहयोग से तैयार किया गया है। बस्तर अपनी अनोखी कला और जनजातीय संस्कृति के लिए पूरी दुनिया में जाना जाता है। इस पवेलियन में बस्तर की प्रसिद्ध ढोकरा धातु कला, रॉट आयरन शिल्प और जनजातीय कलाओं को प्रदर्शित किया जाएगा। आयोजकों के अनुसार, बस्तर पवेलियन को गैलरी की तरह तैयार किया गया है, ताकि लोग सिर्फ उत्पाद न देखें बल्कि उनके पीछे छिपी परंपरा और संस्कृति को भी समझ सकें। इस पहल का उद्देश्य बस्तर के कलाकारों और उनकी कला को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है। यहां आने वाले लोग छत्तीसगढ़ की समृद्ध शिल्प विरासत को करीब से जान सकेंगे।

सांस्कृतिक पहचान दिलाने की पहल
द लोकल मेकर्स मार्केट का उद्देश्य एक सफल आयोजन तक सीमित नहीं है। इसके जरिए रायपुर और छत्तीसगढ़ को देश के सांस्कृतिक नक्शे पर एक मजबूत पहचान दिलाने की कोशिश की जा रही है। आयोजकों का मानना है कि टियर-2 शहरों में भी कला, संस्कृति और रचनात्मकता की अपार संभावनाएं मौजूद हैं। ऐसे आयोजन स्थानीय प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के साथ-साथ शहर की नई पहचान बनाने में मदद करते हैं। द लोकल की कोशिश है कि यह आयोजन आने वाले वर्षों में एक ऐसे सांस्कृतिक उत्सव के रूप में स्थापित हो, जिसका इंतजार लोग हर साल करें। जहां कलाकारों को मंच मिले और लोगों को देश की विविध कलाओं को करीब से देखने का अवसर मिले।
खुराना ने साझा किया आयोजन का उद्देश्य
द लोकल की संस्थापक पारुल खुराना ने बताया कि मेकर्स मार्केट उनके लिए सिर्फ स्टॉल लगाने या खरीदारी का मंच नहीं है, बल्कि देशभर के कलाकारों और शिल्पकारों को पहचान दिलाने की एक पहल है। उन्होंने कहा कि इस आयोजन का मकसद उन कलाकारों तक लोगों की पहुंच बनाना है, जिनकी मेहनत और कला अक्सर बड़े बाजारों तक नहीं पहुंच पाती। मेकर्स मार्केट के जरिए उन्हें सीधे ग्राहकों और कला प्रेमियों से जुड़ने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि इस बार बस्तर पवेलियन के माध्यम से छत्तीसगढ़ की समृद्ध शिल्प परंपरा को भी बड़े मंच पर प्रस्तुत किया जा रहा है। यहां मौजूद हर कलाकृति अपने अंदर एक कहानी समेटे हुए है और तीन दिनों तक रायपुर इन कहानियों का अनुभव करेगा।

कई संस्थानों का मिला सहयोग
द लोकल मेकर्स मार्केट के आयोजन को कई संस्थानों का सहयोग प्राप्त हो रहा है। इसमें सद्भाव रिन्यूएबल (Sadbhav Renewable) सह-प्रायोजक के रूप में जुड़ा है। वहीं सिम्बा (Simba) बेवरेज पार्टनर की भूमिका निभा रहा है। इसके अलावा मीडिया और आउटडोर पार्टनर के रूप में न्यूज़24, लल्लूराम और फोर कॉर्नर्स भी इस आयोजन से जुड़े हैं। आयोजकों का कहना है कि इन संस्थानों के सहयोग से आयोजन को और बेहतर तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है, जिससे कलाकारों और दर्शकों दोनों को बेहतर अनुभव मिल सके।
संस्कृति को जोड़ रहा है द लोकल
वर्ष 2015 में शुरू हुआ द लोकल रायपुर का महिला नेतृत्व वाला कम्युनिटी इवेंट्स और कंटेंट प्लेटफॉर्म है। पिछले एक दशक में संस्था ने छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। द लोकल ने कम्युनिटी बाजार, फूडफेस्ट और द लोकल मेकर्स मार्केट जैसे कई बड़े आयोजनों के जरिए लोगों को जोड़ने का काम किया है। इन आयोजनों में अब तक 3.5 लाख से ज्यादा लोग शामिल हो चुके हैं। संस्था ने BMW, Audi, Hyatt, Zomato और Swiggy जैसे राष्ट्रीय और वैश्विक ब्रांड्स के साथ भी साझेदारी की है। द लोकल का उद्देश्य यह दिखाना है कि छोटे शहर भी अपनी रचनात्मकता, संस्कृति और सामुदायिक भागीदारी के दम पर राष्ट्रीय स्तर के बड़े आयोजन कर सकते हैं।
कला और संस्कृति का उत्सव
द लोकल मेकर्स मार्केट – एडिशन II रायपुरवासियों के लिए कला, संस्कृति और रचनात्मकता से जुड़ने का खास अवसर लेकर आ रहा है। तीन दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में देशभर के कलाकार, शिल्पकार और कला प्रेमी एक मंच पर नजर आएंगे।
यह आयोजन न केवल खरीदारी का अनुभव देगा, बल्कि लोगों को भारत की विविध सांस्कृतिक परंपराओं और छत्तीसगढ़ की समृद्ध विरासत को समझने का अवसर भी प्रदान करेगा।