Ganesh Chaturthi: गणेश चतुर्थी के पावन पर्व को लेकर देशभर में तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसी बीच बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने श्रद्धालुओं से खास अपील की है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से जारी वीडियो संदेश में सभी देशवासियों को गणेश उत्सव की शुभकामनाएं देते हुए पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया है।
मिट्टी की प्रतिमा का संदेश
मिट्टी की गणेश प्रतिमा स्थापित करने की अपील पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भक्तों से आग्रह किया कि इस बार गणेश चतुर्थी पर अपने घरों में मिट्टी से बनी गणेश प्रतिमा ही स्थापित करें। उन्होंने कहा कि मिट्टी से बनी प्रतिमा का धार्मिक महत्व भी अधिक माना जाता है और इसका विसर्जन भी प्राकृतिक तरीके से किया जा सकता है।
घर में सकारात्मकता का संचार
उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील करते हुए कहा कि भगवान गणेश की पूजा पूरे विधि-विधान और श्रद्धा के साथ करें, लेकिन साथ ही प्रकृति का भी ध्यान रखें। घर में सकारात्मक ऊर्जा का होगा संचार बागेश्वर धाम सरकार ने मिट्टी की प्रतिमा के विसर्जन को लेकर कहा कि पूजा के बाद इसे घर के गमले या बगीचे में भी विसर्जित किया जा सकता है। उनका कहना है कि इससे पर्यावरण को नुकसान नहीं पहुंचता और घर के वातावरण में सकारात्मकता बनी रहती है।
पर्यावरण को लेकर जताई चिंता
POP की मूर्तियों को लेकर जताई चिंता पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने प्लास्टर ऑफ पेरिस (POP) से बनी गणेश प्रतिमाओं के इस्तेमाल पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि POP की मूर्तियां पानी में आसानी से घुलती नहीं हैं और लंबे समय तक जलस्रोतों को प्रभावित करती हैं। नदियों और तालाबों के किनारे भगवान की खंडित प्रतिमाएं देखना श्रद्धालुओं के लिए पीड़ादायक होता है।
बप्पा की आराधना का महत्व
श्रद्धा और नियम से पूजा करने का संदेश उन्होंने कहा कि भगवान श्री गणेश को विघ्नहर्ता माना जाता है। जो भक्त सच्चे मन, श्रद्धा और नियम-संयम के साथ उनकी आराधना करता है, उसे जीवन में सुख, समृद्धि और सफलता का आशीर्वाद प्राप्त होता है। पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की इस अपील का उद्देश्य धार्मिक आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है, ताकि गणेश उत्सव श्रद्धा और प्रकृति दोनों के प्रति जिम्मेदारी के साथ मनाया जा सके।

