Monday, 28 Sep 2026 भारत
ब्रेकिंग
Bilaspur News: झलमला गौठान में 20 से ज्यादा मवेशियों की मौत, ग्रामीणों ने व्यवस्था उठाए सवाल Road Accident: ट्रक की चपेट में आने से 17 वर्षीय छात्र की मौत,दोस्त घायल, ट्रक चालक फरार Bilaspur Murder Case: पुरानी रंजिश में युवक की चाकू मारकर हत्या, शव को घसीटकर बाईपास पर फेंका Ujjain Shahi Masjid: पुलिस पर पथराव के बाद लाठीचार्ज, इलाके में बाजार बंद और पुलिस बल तैनात Kanker News: माओवादियों के डंप से मिली नकदी, अधिकारियों पर 20 लाख आपस में बांटने का आरोप Ujjain News: उज्जैन में शाही मस्जिद के अतिक्रमण हटाने पर बवाल, उपद्रवियों ने किया पथराव Bilaspur News: झलमला गौठान में 20 से ज्यादा मवेशियों की मौत, ग्रामीणों ने व्यवस्था उठाए सवाल Road Accident: ट्रक की चपेट में आने से 17 वर्षीय छात्र की मौत,दोस्त घायल, ट्रक चालक फरार Bilaspur Murder Case: पुरानी रंजिश में युवक की चाकू मारकर हत्या, शव को घसीटकर बाईपास पर फेंका Ujjain Shahi Masjid: पुलिस पर पथराव के बाद लाठीचार्ज, इलाके में बाजार बंद और पुलिस बल तैनात Kanker News: माओवादियों के डंप से मिली नकदी, अधिकारियों पर 20 लाख आपस में बांटने का आरोप Ujjain News: उज्जैन में शाही मस्जिद के अतिक्रमण हटाने पर बवाल, उपद्रवियों ने किया पथराव
W 𝕏 f
होम › राष्ट्रीय › JPSC-JSSC : रांची में परीक्षा धांधली के खिलाफ छात…
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का रांची में प्रदर्शन
JPSC-JSSC अभ्यर्थियों का रांची में प्रदर्शन
राष्ट्रीय Featured

JPSC-JSSC : रांची में परीक्षा धांधली के खिलाफ छात्रों का हल्लाबोल जारी, वार्ता पर सस्पेंस के बीच विधानसभा घेराव की तैयारी

झारखंड में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में छात्रों का आंदोलन 16वें दिन भी जारी है। सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच बातचीत के बावजूद कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। अब अभ्यर्थी विधानसभा मार्च की तैयारी कर रहे हैं, वहीं आंदोलन में छात्र गुटों के बीच मतभेद भी सामने आ रहे हैं।

कीर्तिमान न्यूज | अप्पू धीवर
प्रकाशित: 09 Aug 2026, 10:41 AM · अपडेट: 09 Sep 2026, 11:40 AM
रांची
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश
झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर राजधानी रांची में छिड़ा छात्र आंदोलन रविवार को 16वें दिन में प्रवेश कर गया है। आयोग की कार्यप्रणाली के विरोध में सड़क पर उतरे अभ्यर्थियों का गुस्सा शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। एक तरफ जहां छात्र अपनी मांगों को लेकर अड़े हुए हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकार के साथ जारी बातचीत का दौर किसी ठोस नतीजे पर पहुंचता नजर नहीं आ रहा है। रविवार दोपहर 12 बजे सरकार के प्रतिनिधिमंडल और छात्र प्रतिनिधियों के बीच तीसरे दौर की बैठक प्रस्तावित है। 

छात्र गुटों के बीच खींचतान 

हालांकि, इस वार्ता को लेकर अब भी सस्पेंस बरकरार है। वार्ता के सफल होने पर संशय इसलिए भी गहरा रहा है क्योंकि आंदोलनकारी छात्रों के अलग-अलग धड़ों में आपसी तालमेल की भारी कमी देखने को मिल रही है। छात्र गुटों के बीच खींचतान इस कदर बढ़ गई है कि 'रिफॉर्म मंच' और 'महतो कैंप' के अभ्यर्थी एक साथ टेबल पर बैठने को तैयार नहीं हैं। 

सरकार के साथ बातचीत 
अधिकारियों के साथ एक घंटे तक मंथन 

रिफॉर्म मंच के प्रतिनिधियों का स्पष्ट कहना है कि महतो कैंप का रुख राजनीतिक है, जबकि यह पूरा आंदोलन छात्रों के भविष्य से जुड़ा है और पूरी तरह गैर-राजनीतिक रहना चाहिए। इससे पहले शुक्रवार और शनिवार को भी सरकार के साथ छात्र प्रतिनिधियों की वार्ता हो चुकी है। शनिवार को रांची स्थित स्टेट गेस्ट हाउस में 'JPSC-JSSC अभ्यर्थी न्याय मंच' के 8 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने सरकारी अधिकारियों के साथ करीब एक घंटे तक मंथन किया। 

मांगें पूरी नहीं की तो भूख हड़ताल होगी तेज 

वार्ता के बाद छात्रों ने बातचीत को सकारात्मक बताया था। सरकार की ओर से अभ्यर्थियों को अपनी मांगें और सुझाव भेजने के लिए एक आधिकारिक ईमेल आईडी उपलब्ध कराई गई है। शनिवार की वार्ता से पूर्व आंदोलनकारी छात्र कुश महतो ने स्पष्ट किया था कि वार्ता का नेतृत्व देवेंद्र महतो कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगें स्वीकार नहीं कीं, तो भूख हड़ताल और तेज की जाएगी। आपसी मतभेदों और वार्ता के दौर के बीच छात्रों ने अपने आंदोलन को धार देना शुरू कर दिया है। 

छात्रों के साथ हो सार्थक संवाद 

अभ्यर्थियों ने अब सीधे विधानसभा मार्च की तैयारियां शुरू कर दी हैं, जिससे आने वाले दिनों में प्रशासन की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। दूसरी तरफ, आंदोलन को राजनीतिक समर्थन भी मिलना शुरू हो गया है। झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा (JLKM) के सुप्रीमो जयराम महतो आंदोलनकारी छात्रों के समर्थन में एक दिवसीय निर्जला उपवास पर बैठ गए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को हठधर्मिता छोड़कर छात्रों के साथ सार्थक संवाद स्थापित करना चाहिए। 

ठोस नतीजा ना निकलना सरकार की विफलता

जयराम महतो ने कहा कि अब तक बातचीत के दो-तीन प्रयास जरूर हुए हैं, लेकिन ठोस नतीजा न निकलना सरकार की विफलता है। सरकार को जल्द से जल्द छात्रों की जायज मांगों को मानकर इस आंदोलन को समाप्त कराना चाहिए।
क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? हमारी सुधार नीति देखें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें