रैना शहर के नेहरू पार्क रोड स्थित ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (बीईओ) कार्यालय में शुक्रवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। कार्यालय परिसर की वर्षों पुरानी जर्जर बाउंड्री वॉल अचानक भरभराकर सड़क की ओर गिर गई। उस समय सड़क किनारे बैठा एक वृद्ध इसकी चपेट में आ गया, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल उसे मलबे से बाहर निकाला और उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। घटना के दौरान इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि उस समय सड़क पर अधिक भीड़ होती या बच्चे वहां से गुजर रहे होते, तो यह हादसा कहीं अधिक गंभीर रूप ले सकता था।
वर्षों से जर्जर थी बाउंड्री वॉल
स्थानीय नागरिकों के मुताबिक, बीईओ कार्यालय की बाउंड्री वॉल लंबे समय से जर्जर हालत में थी। इसकी दीवारों में कई जगह बड़ी-बड़ी दरारें साफ दिखाई देती थीं और बारिश के मौसम में इसकी स्थिति और भी खराब हो गई थी। लोगों ने कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित किया, लेकिन मरम्मत या पुनर्निर्माण के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लगातार अनदेखी के कारण आखिरकार दीवार भरभराकर गिर गई। घटना के बाद लोगों में प्रशासन के प्रति गहरी नाराजगी देखने को मिली। उनका कहना है कि यदि समय रहते मरम्मत कराई जाती, तो इस हादसे से आसानी से बचा जा सकता था।मौत के साये में चल रहा आधार सेवा केंद्र
बीईओ कार्यालय परिसर में संचालित आधार सेवा केंद्र की स्थिति भी बेहद चिंताजनक बताई जा रही है। केंद्र की छत कई जगह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है और बारिश के दौरान लगातार पानी टपकता रहता है। पानी से बचाव के लिए कर्मचारियों ने छत पर तिरपाल डाल रखी है और उसी के सहारे काम चलाया जा रहा है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में आधार कार्ड बनवाने या संशोधन कराने आने वाले नागरिकों को भी इसी जर्जर भवन में घंटों इंतजार करना पड़ता है। कर्मचारियों का कहना है कि वे मजबूरी में जोखिम उठाकर काम कर रहे हैं, क्योंकि अब तक भवन की मरम्मत या वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है। ऐसे में किसी भी समय बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
स्थानीय लोगों ने उठाए प्रशासन पर सवाल
घटना के बाद मौके पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग जमा हो गए। लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकारी भवनों की नियमित जांच और रखरखाव नहीं होने के कारण आम नागरिकों की जान खतरे में पड़ रही है। उनका कहना है कि शिकायतों के बावजूद अधिकारियों ने गंभीरता नहीं दिखाई, जिसका परिणाम आज इस हादसे के रूप में सामने आया है। लोगों ने मांग की कि ऐसे सभी जर्जर सरकारी भवनों का तत्काल निरीक्षण कराया जाए और जहां आवश्यकता हो, वहां समय रहते मरम्मत का कार्य शुरू किया जाए।मरम्मत और पुनर्निर्माण की उठी मांग
स्थानीय नागरिकों, सामाजिक संगठनों और जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन से बीईओ कार्यालय की जर्जर बाउंड्री वॉल और भवन का तत्काल तकनीकी सर्वे कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि भवन उपयोग के लिए सुरक्षित नहीं है तो उसे खाली कराकर नए भवन का निर्माण कराया जाए। साथ ही आधार सेवा केंद्र को भी किसी सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित किया जाए, ताकि कर्मचारियों और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। लोगों का कहना है कि प्रशासन को इस मामले में जल्द कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि भविष्य में किसी और की जान जोखिम में न पड़े और इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।