सूरजपुर जिले के रामानुजनगर थाना क्षेत्र में स्कूल में हुए मामूली विवाद का बदला लेने पहुंचे दो युवकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोप है कि कक्षा 11वीं के एक छात्र के साथ हुए विवाद के बाद उसका बड़ा भाई अपने साथी के साथ हथियार लेकर मौके पर पहुंच गया। ग्रामीणों की सतर्कता के कारण दोनों युवक पुलिस के शिकंजे में आ गए।
मामला महंगई स्थित स्कूल से जुड़ा है, जहां कक्षा 11वीं के दो छात्रों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। विवाद के बाद एक छात्र ने घर जाकर अपने परिजनों को पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद उसका बड़ा भाई गुस्से में अपने एक साथी के साथ कार से नवापारा गांव पहुंच गया।
संदिग्ध गतिविधियों पर ग्रामीणों ने घेरा वाहन
नवापारा गांव में कार सवार युवकों की गतिविधियां ग्रामीणों को शक होने लगीं। ग्रामीणों ने जब युवकों से पूछताछ की तो मामला संदिग्ध नजर आया। इसके बाद लोगों ने कार को घेर लिया और तत्काल पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही रामानुजनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कार की तलाशी ली। तलाशी के दौरान पुलिस को वाहन से एक धारदार चाकू और एक नकली बंदूक बरामद हुई। इसके बाद पुलिस ने दोनों युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की।
डराने के लिए रखा था नकली हथियार
पुलिस जांच में सामने आया कि बरामद बंदूक असली नहीं थी, बल्कि वह एक लाइटर था, जिसे युवकों ने लोगों को डराने के उद्देश्य से रखा था। हालांकि, चाकू मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। मामले में आर्म्स एक्ट के तहत अपराध दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है। घटना के दौरान आरोपियों की बलेनो कार पर लगी नेम प्लेट भी चर्चा में आ गई। नेम प्लेट पर जिला संयोजक मदरसा प्रकोष्ठ पसमांदा मंच और भाजपा का कमल चिन्ह अंकित था। इसे लेकर सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं।पुलिस ने बताया फर्जी नेम प्लेट का मामला
पुलिस ने मामले में स्पष्ट किया कि कार पर लगाई गई नेम प्लेट फर्जी थी। जांच में आरोपियों का भारतीय जनता पार्टी से कोई संबंध सामने नहीं आया है। पुलिस ने बताया कि केवल पहचान या प्रभाव दिखाने के उद्देश्य से इस तरह की नेम प्लेट लगाई गई थी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी हथियार लेकर वहां किस उद्देश्य से पहुंचे थे। ग्रामीणों की सतर्कता से समय रहते बड़ी घटना टल गई।