साइबर ठगी, डिजिटल अरेस्ट, नशाखोरी और सामाजिक अपराधों के खिलाफ महासमुंद पुलिस अब सीधे जनता के बीच पहुंचकर मजबूत सुरक्षा कवच तैयार कर रही है। “नवा बिहान” अभियान के तहत पुलिस का उद्देश्य हर नागरिक को जागरूक बनाना और गांव-शहर को सुरक्षित बनाना है। यह अभियान पुलिस और आमजन के बीच भरोसे का मजबूत पुल बनता जा रहा है। इस सप्ताह पुलिस टीम ने ग्राम भंवरपुर, पिथौरा बायपास रोड ओवरब्रिज, ग्राम सिरपुर, बी.के. बाहरा साप्ताहिक बाजार और पिथौरा गार्डन क्षेत्र में विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। इन कार्यक्रमों में 800 से अधिक नागरिक, युवा, महिलाएं, विद्यार्थी और वरिष्ठ नागरिक शामिल हुए।
पुलिस अधिकारियों ने लोगों को सोशल मीडिया सुरक्षा, फर्जी प्रोफाइल, ऑनलाइन फ्रॉड, फर्जी ट्रेडिंग ऐप, सेक्सटॉर्शन और एपीके फाइल से होने वाली ठगी के बारे में विस्तार से समझाया। साथ ही बताया गया कि अनजान लिंक या संदिग्ध एप डाउनलोड करने से पहले उसकी पूरी जांच जरूरी है।
डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन ठगी पर चेतावनी
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कोई भी पुलिस, सीबीआई या न्यायिक अधिकारी वीडियो कॉल पर डराकर पैसे नहीं मांगता। यदि कोई व्यक्ति खुद को सरकारी अधिकारी बताकर रकम ट्रांसफर करने को कहे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें और किसी भी परिस्थिति में पैसे न भेजें। साइबर ठगी की स्थिति में नागरिकों को तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करने या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करने की सलाह दी गई। साथ ही नजदीकी थाना या साइबर थाना में भी सूचना देने को कहा गया।
“संवाद” हेल्प डेस्क और डायल-112 सेवा
महासमुंद पुलिस का शिकायत हेल्प डेस्क “संवाद” (व्हाट्सएप 94792-29939) को भी प्रचारित किया गया, जहां नागरिक गुप्त सूचना या शिकायत दर्ज करा सकते हैं। पुलिस ने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। आपात स्थिति में डायल-112 सेवा का उपयोग करने की अपील भी की गई।
