दुर्ग जिले में रविवार देर रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। धमधा रोड पर चार बदमाशों ने लूट की नीयत से ग्राम तुमाकला के उपसरपंच प्रकाश सिंह कश्यप को रोक लिया। विरोध करने पर आरोपियों ने उन पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
जानकारी के मुताबिक, ग्राम तुमाकला के उपसरपंच प्रकाश सिंह कश्यप रविवार रात भिलाई से अपने गांव लौट रहे थे। इस दौरान उनके साथ एक अन्य व्यक्ति भी मौजूद था। जब वे जेवरा सिरसा थाना क्षेत्र के करहीडीह से चिखली चौक के बीच पहुंचे, तभी बाइक सवार चार बदमाशों ने उन्हें रोक लिया।
मोबाइल और नकदी छीनने की कोशिश
बताया जा रहा है कि आरोपी लूट की वारदात को अंजाम देने के इरादे से पहुंचे थे। उन्होंने प्रकाश सिंह कश्यप से मोबाइल फोन और पैसे छीनने की कोशिश की। जब उन्होंने इसका विरोध किया तो बदमाशों ने चाकू से हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने के कारण उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वारदात के दौरान प्रकाश सिंह कश्यप के साथ मौजूद व्यक्ति किसी तरह वहां से भाग निकला और अपनी जान बचाई। इसके बाद उसने घटना की जानकारी पुलिस और अन्य लोगों को दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची।
मोबाइल और 4 हजार रुपये लेकर भागे आरोपी
हमले के बाद आरोपी प्रकाश सिंह कश्यप का मोबाइल फोन और करीब 4 हजार रुपये नकद लेकर फरार हो गए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। वहीं आसपास के लोगों से पूछताछ कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। प्रकाश सिंह कश्यप ग्राम तुमाकला के उपसरपंच थे, जबकि उनकी पत्नी देवती बाई कश्यप वर्तमान में गांव की सरपंच हैं। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।आरोपियों की पहचान में जुटी पुलिस
जेवरा सिरसा चौकी प्रभारी समित मिश्रा ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला लूट के दौरान हत्या का सामने आया है। पुलिस आरोपियों की पहचान के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। अलग-अलग टीमों को आरोपियों की तलाश में लगाया गया है। पुलिस का कहना है कि वारदात में शामिल चारों आरोपियों की पहचान जल्द कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा। फिलहाल पुलिस हत्या और लूट के इस मामले में हर संभावित पहलू से जांच कर रही है।