छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के पंडरी थाना क्षेत्र में गुरुवार रात उस वक्त भारी बवाल हो गया, जब एक महिला ने अपने पति पर पहचान छिपाकर शादी करने और बाद में धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया। मामला सामने आते ही बजरंग दल के दर्जनों कार्यकर्ता थाने पहुंच गए और आरोपी की तुरंत गिरफ्तारी को लेकर जमकर नारेबाजी की। घटना के बाद इलाके में कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया। पीड़ित महिला का कहना है कि करीब छह साल पहले उसकी मुलाकात एक युवक से हुई थी, जिसने खुद का नाम 'सोनू' बताया था। जान-पहचान आगे बढ़ी और दोनों ने शादी कर ली।
जिसे समझा सोनू वो निकला सुफरान
महिला का दावा है कि शादी के बाद उसे सच पता चला कि जिसे वह सोनू समझ रही थी, उसका असली नाम सुफरान शेख है। शादी के बाद पीड़िता पंडरी स्थित मकान में सुफरान की नानी और बहनों के साथ रहने लगी। इस दौरान दोनों का एक बेटा भी हुआ। पीड़िता के अनुसार, कुछ समय बाद आरोपी जानलेवा हमले के एक मामले में गिरफ्तार होकर जेल चला गया और एक साल से अधिक समय तक बंद रहा।
जान से मारने की दी धमकी
महिला का आरोप है कि जेल से बाहर आने के बाद सुफरान ने बच्चे को अपने कब्जे में ले लिया और उसे लौटाने से साफ इनकार कर दिया। जब उसने इसका विरोध किया और पुलिस में जाने की बात कही, तो उसे जान से मारने की धमकियां दी गईं। दूसरी ओर, आरोपी युवक के परिवार ने महिला के सभी दावों को सिरे से खारिज किया है। परिजनों का कहना है कि उन्होंने महिला को पूरे सम्मान के साथ अपनाया था और वह उनके साथ ही रह रही थी। उनका दावा है कि जब युवक जेल में था, तब महिला ने खुद आधार केंद्र जाकर अपना नाम परिवर्तित कराया था।बजरंग दल ने की गिरफ्तारी की मांग
परिवार ने पुलिस से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने की गुहार लगाई है। घटना की भनक लगते ही बजरंग दल के जिलाध्यक्ष योगेश सैनी की अगुवाई में कार्यकर्ता थाने पहुंचे और आरोपी पर तत्काल एफआईआर (FIR) दर्ज कर उसे गिरफ्तार करने की मांग पर अड़ गए। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पंडरी थाना पुलिस दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महिला की शिकायत और सौंपे गए दस्तावेजों की जांच की जा रही है। सबूतों के आधार पर जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी अनुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।