छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना सिटी कोतवाली गरियाबंद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए लगभग 16 लाख 50 हजार रुपए मूल्य के 33 किलो अवैध गांजा के साथ दो अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गांजा तस्करी में इस्तेमाल की जा रही मारुति सुजुकी इक्को वाहन और मोबाइल फोन भी जब्त किया है। जब्त सामग्री की कुल कीमत लगभग 20 लाख 8 हजार रुपए बताई जा रही है।
मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों के अनुसार थाना सिटी कोतवाली गरियाबंद को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक संदिग्ध वाहन में बड़ी मात्रा में गांजा लेकर तस्कर जिले से गुजरने वाले हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने तत्काल घेराबंदी कर संदिग्ध वाहन की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने मारुति सुजुकी इक्को वाहन क्रमांक UP-32-MK-6731 को रोका। तलाशी लेने पर वाहन से 33 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। इसके बाद वाहन में सवार दोनों आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
उत्तर प्रदेश आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है वीर बहादुर सिंह, पिता श्याम बहादुर, उम्र 38 वर्ष, निवासी पुलिस लाइन आंशिक थाना कोतवाली सीतापुर, जिला सीतापुर, उत्तर प्रदेश।
शकील सिद्दीकी, पिता मोहम्मद गनी, उम्र 45 वर्ष, निवासी काशीराम कॉलोनी सीतापुर, थाना राजकोट, जिला सीतापुर, उत्तर प्रदेश पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि आरोपी अंतर्राज्यीय स्तर पर गांजा तस्करी के नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं।
वाहन और मोबाइल जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 33 किलो गांजा, एक मारुति सुजुकी इक्को वाहन और मोबाइल फोन जब्त किया है। अधिकारियों के मुताबिक जब्त गांजा की अनुमानित कीमत करीब 16 लाख 50 हजार रुपए है, जबकि वाहन और अन्य सामान सहित कुल जब्ती लगभग 20 लाख 8 हजार रुपए की बताई गई है।
नशे के खिलाफ अभियान
गरियाबंद पुलिस द्वारा हाल के दिनों में नशे के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए विशेष निगरानी और चेकिंग अभियान चलाए जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती इलाकों का इस्तेमाल अक्सर तस्करों द्वारा गांजा परिवहन के लिए किया जाता है। ऐसे में लगातार निगरानी रखी जा रही है और संदिग्ध वाहनों की जांच की जा रही है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई
दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे किस राज्य में पहुंचाने की तैयारी थी। साथ ही तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है।
पुलिस की कार्रवाई की सराहना
गरियाबंद पुलिस की इस कार्रवाई को नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है। स्थानीय लोगों ने पुलिस की सक्रियता की सराहना की है। अधिकारियों का कहना है कि जिले में अवैध नशे के कारोबार पर सख्ती से कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी तस्कर को बख्शा नहीं जाएगा।
