छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय शर्मा, जिलाध्यक्ष नारायण चौधरी, प्रांतीय संयोजक सुधीर प्रधान ने दावा किया है कि किसी भी शिक्षक का माह भर वीएसके एप में उपस्थिति असंभव है, क्योंकि यह एप तकनीकी रूप से त्रुटिपूर्ण है, जिसके कारण समय पर चेक इन, चेक आउट, लोकेशन, सर्वर, इंटरनेट, विद्यालय से दूरी, इस प्रकार की बाधाओ के कारण नियमित रूप से प्रातः 10 से सायं 4:00 बजे तक उपस्थिति प्रदर्शित कर ही नहीं रहा है, और दो पाली की शाला में भी यही दिक्कत है।
शिक्षा विभाग द्वारा यह कहा जा रहा है कि 83% प्रतिशत शिक्षकों द्वारा वीएसके एप में उपस्थिति दी जा रही है, यह उपस्थिति के आंकड़े संभव तो है लेकिन 83 प्रतिशत शिक्षकों की पूरे जुलाई माह में वीएसके एप के माध्यम से उपस्थिति डीपीआई, संयुक्त संचालक, जिला शिक्षा अधिकारी, ब्लाक शिक्षा अधिकारी, डीईओ द्वारा प्रमाणित नहीं किया जा सकता इसलिए केवल वीएसके में उपस्थिति के आधार पर शिक्षकों को पूरे जुलाई माह भर का वेतन मिलना संभव ही नहीं है।
वीएसके एम में तकनीकी त्रुटियां
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन के प्रांतीय पदाधिकारी शोभा सिंहदेव, पूर्णानंद मिश्रा, केशवराम साहू, अर्चना तिवारी, साधराम अजय, लालजी साहू, नरेश पटेल, नंदकुमार साहू, विजय प्रधान, पुष्पलता भार्गव, प्रदीप वर्मा, राजेश साहू, विनोद यादव , महेंद्र चौधरी, गजेंद्र नायक, ललित साहू, कौतुक पटेल, जगदीश सिन्हा ने कहा है कि शिक्षको को वीएसके एप अपनी मोबाइल में डाउनलोड करने के लिए कहा गया था उसके तहत शिक्षकों ने ऐप को डाउनलोड तो किया है, लेकिन कई शालाओं में इंटरनेट की समस्या एवं शाला परिसर में उपस्थिति के बावजूद भी सही लोकेशन न बताना तथा चेक आउट का विकल्प ही न आना जैसे वीएसके एप में तकनीकी त्रुटियां है।
डीडीओ का घेराव 7 अगस्त को
एसोसिएशन ने मांग किया है कि वीएसके एप को सर्वप्रथम त्रुटि रहित किया जावे तत्पश्चात ही इससे उपस्थिति की पुष्टि किया जावे। छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन जिला महासमुन्द ने कहा है कि एसोसिएशन शिक्षकों की वेतन कटौती का पुरजोर विरोध करेगा, चाहे वह प्राचार्य डीडीओ हो, चाहे वह विकासखंड शिक्षा अधिकारी डीडीओ हो, जिस डीडीओ के अंदर शिक्षकों की वेतन कटौती होगी, ऐसे डीडीओ का घेराव 7 अगस्त को जिला भर में किया जाएगा।उपस्थिति पंजी से वेतन आहरण की मांग
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन जिला महासमुन्द के खोशील गेंद्रे, खिलावन वर्मा, दीपक देवांगन, वीरेंद्र नर्मदा, दिलीप नायक, लक्ष्मणदास मानिकपुरी, मनीष अवसरिया, गौरीशंकर पटेल, वारिश कुमार, देवेंद्र भोई, राधेश्याम पटेल, देवेंद्र चंद्राकर, सोमनाथ चौहान, महेंद्र पाल, कैलाश पटेल, दमयंती कौशिक, माहेश्वरी साहू, संपा बोस, ख़ेमिन साहू, घनश्याम चक्रधारी, तुलेंद्र सागर, अनूप नायक, पवन साहू ने डीपीआई से यह मांग किया है कि वीएसके एप से संबंधित वेतन निकालने के आदेश को शिथिल करें व प्राचार्य, प्रधान प्रधान पाठक के संधारित शाला की उपस्थिति पंजी से प्रमाणित कराकर वेतन आहरण का आदेश जारी करें।