छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के सी.ए. तारवानी एंड एसोसिएट ऑफिस में हुई लाखों रुपये की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस वारदात को ऑफिस के ही एक पुराने कर्मचारी ने अपने साथी के साथ मिलकर अंजाम दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की 7 लाख 80 हजार रुपये की रकम बरामद की है। मामला सिविल लाइन थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, सुंदर नगर निवासी अपर्णा नायक सी.ए. तारवानी एंड एसोसिएट ऑफिस में कैशियर के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने सिविल लाइन थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि 21 जुलाई की सुबह ऑफिस पहुंचने पर पता चला कि रात के समय अज्ञात चोर ने ऑफिस में घुसकर कैश काउंटर का लॉक तोड़ दिया और वहां रखी नगदी रकम लेकर फरार हो गया।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, जांच शुरू
शिकायत मिलने के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 331(4) और 305 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और सिविल लाइन पुलिस की संयुक्त टीम को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई।
CCTV फुटेज से मिला चोरी का सुराग
साथी के साथ मिलकर रची साजिश
जांच के आधार पर पुलिस ने ऑफिस के पूर्व कर्मचारी उमेश पोर्ते को बिलासपुर से हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे ऑफिस में रखी नगदी रकम की जानकारी थी। इसी जानकारी का फायदा उठाकर उसने अपने साथी लक्ष्मीनारायण ध्रुव के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई और वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की पूरी रकम 7 लाख 80 हजार रुपये नगद बरामद कर ली है। फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों से आगे की पूछताछ कर मामले की जांच कर रही है।