जिले के बसना से बिजली विभाग के कर्मचारियों के साथ बदसलूकी और मारपीट की कोशिश का मामला सामने आया है। भारी-भरकम बिजली बिल बकाया होने के बावजूद कट चुके कनेक्शन से अवैध रूप से बिजली जला रहे एक उपभोक्ता के घर जांच करने पहुँची पॉवर कंपनी की टीम को परिजनों के गुस्से का सामना करना पड़ा।
उपभोक्ता के बेटे ने न केवल विभागीय कामकाज में बाधा डाली, बल्कि गंदी-गंदी गालियाँ देते हुए कनिष्ठ अभियंता (JE) और उनकी टीम को जान से मारने की धमकी देकर दौड़ा दिया। घटना के बाद विभाग ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है, जिसके आधार पर पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कम्पनी लिमिटेड (CSPDCL) बसना शहर वितरण केंद्र में कनिष्ठ अभियंता के पद पर पदस्थ धीरज कुमार देवांगन अपनी टीम के साथ बकायादारों की चेकिंग और निरीक्षण अभियान पर निकले थे।
स्थिति का जायजा लेने पहुंचे उपभोक्ता के परिसर
विभाग द्वारा बुधवार (19 अगस्त) को बंसुला डीपा क्षेत्र के निवासी पीतराम डड़सेना का सर्विस कनेक्शन बकाया राशि ₹87,241 का भुगतान न होने के कारण ऑनलाइन डिस्कनेक्ट कर दिया गया था। अगले दिन यानी 20 अगस्त दोपहर तक भी जब उपभोक्ता ने बकाया बिल नहीं पटाया, तो जेई धीरज देवांगन, लाइन सहायक येशु दास, ठेका कर्मचारी मिलन सिदार, मनोज बारिक और वाहन चालक अमित चौहान के साथ स्थिति का जायजा लेने उपभोक्ता के परिसर पहुँचे।
अवैध रूप से कर रहा था बिजली का उपभोग
मौके पर जब बिजली विभाग की टीम ने निरीक्षण किया, तो हैरान करने वाला मामला सामने आया। डिस्कनेक्ट होने के बावजूद मीटर से छेड़छाड़ की गई थी—मीटर की बॉडी सील और टर्मिनल सील कटी हुई पाई गई। इतना ही नहीं, मीटर के इनकमिंग केबल वायर से सीधे तार (हुक) जोड़कर अवैध रूप से बिजली का उपभोग किया जा रहा था। जब जेई देवांगन ने इस अनाधिकृत बिजली उपभोग के संबंध में उपभोक्ता पीतराम डड़सेना को बुलाकर जवाब मांगा और पोल से लाइन काटने की कार्रवाई शुरू की, तो माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया।जांच में पहुंचे लोगों को दी अश्लील गालियां
कार्रवाई से बौखलाया पीतराम का छोटा बेटा अरुण डड़सेना उर्फ मोनू डड़सेना मौके पर आ धमका और शासकीय कार्य में सीधे तौर पर अड़ंगा डालने लगा। चश्मदीदों के मुताबिक, आरोपी युवक अश्लील गालियां देने लगा और जान से मारने की नीयत से टीम की ओर दौड़ा। मामले की गंभीरता और युवक का आक्रामक रुख देखकर उसके माता-पिता व परिवार के अन्य सदस्यों ने उसे रोकने के लिए परिसर का मुख्य गेट बंद कर दिया।
पुलिस को लिखित आवेदन
अपनी और कर्मचारियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कनिष्ठ अभियंता पूरी टीम के साथ सीधे बसना पुलिस स्टेशन पहुँचे और लिखित आवेदन सौंपकर सुरक्षा की गुहार लगाई।कनिष्ठ अभियंता की लिखित शिकायत के आधार पर बसना थाना पुलिस ने आरोपी अरुण डड़सेना उर्फ मोनू डड़सेना के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 351(2) और 221 के तहत गैर-जमानती धाराओं में अपराध पंजीबद्ध कर लिया है।कर्मचारियों से अभद्रता करने वालों को नहीं जाएगा बख्शा
पुलिस मामले की गहन विवेचना कर रही है और आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की तैयारी में है। विभाग का कहना है कि बिजली चोरी और बकाया राशि की वसूली को लेकर अभियान जारी रहेगा, तथा सरकारी काम में रोड़ा अटकाने या कर्मचारियों से अभद्रता करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।