बिहार की बांकीपुर और मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा उपचुनाव में भाजपा को मिली हार के बाद छत्तीसगढ़ की सियासत भी गरमा गई है। पूर्व मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. शिवकुमार डहरिया ने भाजपा, केंद्र सरकार और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पर निशाना साधते हुए कहा कि उपचुनाव के नतीजों ने जनता का मूड साफ कर दिया है। अब मतदाता केवल प्रचार और बड़े-बड़े दावों से प्रभावित नहीं होता, बल्कि वह सरकार के काम का हिसाब मांग रहा है।
भाजपा के अजेय होने के दावे पर उठाए सवाल
डॉ. डहरिया ने कहा कि खुद को अजेय बताने वाली भाजपा को जनता ने चुनावी नतीजों के जरिए वास्तविकता का एहसास कराया है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से मजबूत माने जाने वाले बांकीपुर जैसे क्षेत्र में हार और दतिया में मिली शिकस्त भाजपा के लिए बड़ी राजनीतिक चुनौती है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में कोई भी दल स्थायी रूप से अजेय नहीं रह सकता। जनता समय-समय पर अपने फैसले से सत्ता को आईना दिखाती है। इन चुनाव परिणामों को भाजपा को गंभीरता से लेते हुए आत्ममंथन करना चाहिए।नेतृत्व और संगठन पर साधा निशाना
कांग्रेस नेता ने भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जिस क्षेत्र को भाजपा का मजबूत गढ़ माना जाता था, वहां हार मिलना संगठन और नेतृत्व की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करता है। अगर कोई पार्टी अपने पुराने मजबूत क्षेत्रों में भी कमजोर पड़ रही है, तो उसे अपनी रणनीति और जमीनी पकड़ की समीक्षा करनी होगी। डॉ. डहरिया ने केंद्र सरकार की नीतियों पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि सरकार का ध्यान प्रचार-प्रसार पर ज्यादा और जनता की समस्याओं के समाधान पर कम है। उन्होंने कहा कि युवा बेरोजगारी, किसान परेशानियां और बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दे आम लोगों को प्रभावित कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि जनता अब नारों और विज्ञापनों के बजाय वास्तविक काम और परिणाम देखना चाहती है। कांग्रेस नेता ने कहा कि उपचुनाव के ये परिणाम आने वाले समय में बदलते राजनीतिक माहौल का संकेत हैं।