Sunday, 20 Sep 2026 भारत
ब्रेकिंग
Chhattisgarh News: सारंगढ़-बिलाईगढ़ में आवारा कुत्ते का आतंक, 31 लोगों को काटकर किया घायल Surajpur Crime News: तीजा पर्व पर खाना नहीं बनाने को लेकर हुआ विवाद, बेटे ने टांगी से हमला कर पिता की हत्या की GST Fraud Case: फर्जी दस्तावेजों से 10 फर्में बनाकर करोड़ों का कारोबार दिखाने का आरोप, FIR दर्ज Khargone news: बदहाल सड़क बनी मुसीबत, एंबुलेंस फंसी तो बैलगाड़ी से ले जाना पड़ा प्रसूता, नवजात की मौत Surajpur Crime News: नाबालिग से गैंगरेप का आरोप, दो युवकों के खिलाफ केस दर्ज, जांच में जुटी पुलिस Sasaram Murder Case: खौफनाक अंत, जादू-टोने के शक में बुजुर्ग की हत्या, जंगल में मिला खून से लथपथ शव, जांच में जुटी पुलिस Chhattisgarh News: सारंगढ़-बिलाईगढ़ में आवारा कुत्ते का आतंक, 31 लोगों को काटकर किया घायल Surajpur Crime News: तीजा पर्व पर खाना नहीं बनाने को लेकर हुआ विवाद, बेटे ने टांगी से हमला कर पिता की हत्या की GST Fraud Case: फर्जी दस्तावेजों से 10 फर्में बनाकर करोड़ों का कारोबार दिखाने का आरोप, FIR दर्ज Khargone news: बदहाल सड़क बनी मुसीबत, एंबुलेंस फंसी तो बैलगाड़ी से ले जाना पड़ा प्रसूता, नवजात की मौत Surajpur Crime News: नाबालिग से गैंगरेप का आरोप, दो युवकों के खिलाफ केस दर्ज, जांच में जुटी पुलिस Sasaram Murder Case: खौफनाक अंत, जादू-टोने के शक में बुजुर्ग की हत्या, जंगल में मिला खून से लथपथ शव, जांच में जुटी पुलिस
W 𝕏 f
होम राज्य सरकार जागरूकता : नैनो उर्वरकों से बदलेगी खेती की तस्वीर…
नैनो उर्वरक अपनाते किसान
नैनो उर्वरक अपनाते किसान
राज्य सरकार

जागरूकता : नैनो उर्वरकों से बदलेगी खेती की तस्वीर, जिले के किसानों का बढ़ा भरोसा

महासमुंद जिले में 10 हजार से अधिक किसान नैनो यूरिया और नैनो डीएपी का उपयोग कर आधुनिक खेती की ओर बढ़ रहे हैं। कृषि विभाग और इफको के जागरूकता अभियान से किसानों का रुझान बढ़ा है। वहीं, खेत बचाओ अभियान के तहत 71 किसानों ने 220 क्विंटल नील हरित काई तैयार कर प्राकृतिक खेती को भी बढ़ावा दिया है।

कीर्तिमान डेस्क
प्रकाशित: 10 Jul 2026, 11:04 AM · अपडेट: 10 Sep 2026, 08:21 AM
महासमुंद
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश

राज्य शासन द्वारा किसानों को नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के उपयोग के लिए लगातार जागरूक किया जा रहा है। इसी अभियान के तहत महासमुंद जिले में 10 हजार से अधिक किसान नैनो उर्वरकों को अपनाकर बेहतर फसल उत्पादन की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। किसान आधुनिक तकनीक के माध्यम से उत्पादन बढ़ाने के साथ लागत कम करने की उम्मीद भी जता रहे  हैं।

कृषि विभाग और इफको की ओर से जिले में किसान प्रशिक्षण, खेत प्रदर्शन, ग्राम स्तरीय जागरूकता कार्यक्रम और तकनीकी मार्गदर्शन नियमित रूप से आयोजित किए जा रहे हैं। इन प्रयासों का सकारात्मक असर देखने को मिला है और बड़ी संख्या में किसानों ने धान सहित अन्य फसलों में नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी का उपयोग शुरू किया है।

नैनो उर्वरकों से बेहतर फसल उत्पादन

सहकारी समितियों में पर्याप्त उपलब्धता,

कृषि विभाग के अनुसार सहकारी समितियों में 500 मिलीलीटर पैकिंग की नैनो यूरिया की 17 हजार बोतलें उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें से 8,100 बोतलों का किसानों द्वारा उठाव किया जा चुका है। वहीं नैनो डीएपी की 12,400 बोतलें भंडारित की गईं, जिनमें से 9,600 बोतलें किसान ले चुके हैं। खरीफ अभियान और कृषक चौपालों के माध्यम से किसानों को नील हरित काई, हरी खाद, नैनो यूरिया और नैनो डीएपी के उपयोग के साथ जैविक एवं प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है।

किसानों ने बताए नैनो उर्वरकों के परिणाम

विकासखंड पिथौरा के ग्राम लालमाटी के किसान गोविंद पटेल ने बताया कि उन्होंने धान की बुवाई से पहले प्रति किलोग्राम बीज में 5 एमएल नैनो डीएपी का उपयोग कर बीज उपचार किया। वहीं पहले से नैनो उर्वरकों का उपयोग कर रहे किसानों का कहना है कि इससे पौधों की वृद्धि संतुलित और स्वस्थ हुई है। पोषक तत्वों का बेहतर अवशोषण होने से फसल की गुणवत्ता में सुधार हुआ है, जबकि रोग और कीटों का प्रकोप भी कम देखने को मिला। इससे कीटनाशकों की आवश्यकता घटी और खेती की लागत में भी कमी आई।

220 क्विंटल नील हरित खाद तैयार

01 जून से 30 जून 2026 तक चलाए गए खेत बचाओ अभियान के दौरान जिले के सभी विकासखंडों में कृषक चौपाल और किसान संगोष्ठियों का आयोजन किया गया। उप संचालक कृषि एफ.आर. कश्यप ने बताया कि अभियान के तहत 71 किसानों ने स्वयं तैयार किए गए 91 टाकों में 220 क्विंटल नील हरित काई का उत्पादन किया, जिसका उपयोग वे अपने खेतों में कर रहे हैं। इससे प्राकृतिक खेती को बढ़ावा मिलने के साथ रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता भी कम हो रही है।

क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? हमारी सुधार नीति देखें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग
दुर्ग संभाग
बिलासपुर संभाग
सरगुजा संभाग
बस्तर संभाग
देश
विदेश
सरकारी सूचना
राजनीति
खेल
मनोरंजन
कारोबार
कीर्तिमान विशेष
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें