Mahasamund News: सांकरा थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध झगरेनडीह मनसा माता मंदिर परिसर में दर्शन करने पहुंचे युवक-युवती को बंधक बनाकर मारपीट करने और रुपयों की मांग करने का एक गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मंदिर समिति के अध्यक्ष नारायण प्रधान और उसके साथियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। ग्राम बल्दीतडीह निवासी भूपेश सिन्हा (18 वर्ष) ने पुलिस में दी अपनी लिखित शिकायत में बताया कि वह 12 सितंबर 2026 की सुबह अपने साथी पायल निषाद के साथ मोटरसाइकिल से झगरेनडीह स्थित मनसा माता मंदिर दर्शन करने गया था।
छोड़ने के बदले 51 हजार की मांग
दर्शन करने के बाद दोनों मंदिर परिसर में ही बैठे हुए थे। इसी दौरान नारायण प्रधान अपने कुछ साथियों के साथ वहां पहुंचा। उसने खुद को मंदिर समिति का अध्यक्ष बताते हुए दोनों से बदसलूकी शुरू कर दी। देखते ही देखते आरोपियों ने दोनों की मोटरसाइकिल की चाबी और मोबाइल जबरन छीन लिए। पीड़ित का आरोप है कि आरोपियों ने उन्हें छोड़ने के बदले ₹51,000 की मांग की।
आरोपियों द्वारा गहने छीनने की कोशिश
जब युवकों ने इतने पैसे देने में असमर्थता जताई, तो आरोपी रकम घटाकर पहले ₹36,000 और फिर ₹21,000 पर आ गए। यहां तक कि जब युवकों ने पैसे देने से मना कर दिया, तो आरोपियों ने पायल निषाद द्वारा पहनी गई सोने की चेन/गहने छीनने की कोशिश की। गहने देने से इनकार करने पर आरोपियों ने दोनों के साथ गाली-गलौज करते हुए जमकर मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी।
112 के पहुंचने पर दोनों को छुड़ाया
आरोपियों ने दोनों पीड़ितों को सुबह 11 बजे से शाम 05 बजे तक मंदिर परिसर में ही बंधक बनाकर रखा। घटना की जानकारी मिलने पर पीड़ितों के परिजनों ने तत्काल आपातकालीन सेवा 'डायल 112' पर संपर्क किया। पुलिस टीम के मौके पर पहुंचने के बाद ही दोनों को आरोपियों के कब्जे से छुड़ाया जा सका। पीड़ितों का आरोप है कि मंदिर समिति के नाम पर वहां अवैध वसूली का खेल चल रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सांकरा पुलिस ने आवेदक भूपेश सिन्हा की शिकायत पर आरोपी नारायण प्रधान और उसके साथियों के खिलाफ BNS की धारा 308(2), 127(2), 296, 115(2), 351(2) और 3(5) के तहत केस दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

