Raipur Jewellery Fraud: राजधानी के पॉश इलाके सदर बाजार में एक बड़े और शातिर ठगी का मामला सामने आया है। नगर निगम के आवास विभाग में अधिकारी होने का झांसा देकर दो महिलाओं ने प्रतिष्ठित 'विधि ज्वेलर्स एंड बुलियन' के संचालक को करीब 1.88 करोड़ रुपए के सोने, चांदी और हीरे के जेवर का चूना लगा दिया है। पुलिस ने सर्राफा व्यापारी की शिकायत पर मुख्य आरोपी किरण साहू और उसकी साथी योगिता के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचना और आपराधिक षड्यंत्र समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला?
उत्तम सिटी, भाठागांव निवासी रिखब बरडिया की सदर बाजार में जैन मंदिर के ठीक सामने विधि ज्वेलर्स एंड बुलियन के नाम से दुकान है। पुलिस को दी गई शिकायत के मुताबिक, यह घटना 24 अगस्त 2026 की है। दुकान पर दो महिलाएं पहुंचीं, जिनमें से एक ने अपना नाम किरण साहू और दूसरी ने योगिता बताया। किरण ने खुद को नगर निगम के आवास विभाग में कार्यरत बताया। उसके आत्मविश्वासी लहजे और रौब के चलते दुकान संचालक को उस पर जरा भी शक नहीं हुआ। इस पहली मुलाकात में ही आरोपी महिला ने अपने रसूख और पहचान का हवाला देकर दुकान से कीमती सोने के जेवर खरीदे।
पहले दिन का भुगतान देख हुआ भरोसा
कारोबारी के अनुसार, 24 अगस्त को किरण ने लगभग 37 लाख रुपए मूल्य के सोने के जेवर पसंद किए। इसके एवज में उसने 250 ग्राम का सोने का बिस्कुट और 7 लाख रुपए नकद दिए। इस प्रकार शुरुआती लेन-देन पूरी तरह सही बैठने के कारण शेष करीब 15 लाख रुपए बकाया रहे। इस ट्रांजैक्शन से संचालक का भरोसा पूरी तरह महिलाओं पर जम गया।
दो दिन बाद दिया बड़े धोखे को अंजाम
इस भरोसे का फायदा उठाते हुए दो दिन बाद यानी 26 अगस्त को किरण अपनी साथी योगिता के साथ फिर से दुकान पर आ धमकी। इस बार दोनों महिलाओं ने बड़ी चालाकी से सोने, चांदी और महंगे हीरे के जेवर छांटे, जिनकी कुल कीमत 1 करोड़ 73 लाख रुपए से अधिक आंकी गई। बड़ा भुगतान होने पर किरण ने एचडीएफसी बैंक के दो चेक थमाए। इसमें पहला चेक 24 अगस्त का 15 लाख रुपए का और दूसरा चेक 26 अगस्त का 1 करोड़ 73 लाख 37 हजार 630 रुपए का था। महिला ने बहाना बनाया कि वह दो-तीन दिन के भीतर सोने का बिस्कुट लाकर दे देगी और यदि ऐसा न हो, तो वह चेक बैंक में लगा सकते हैं।ऐसे खुला ठगी का राज़
जब तय समय पर सोना नहीं मिला, तो कारोबारी रिखब बरडिया ने 1 सितंबर को 15 लाख रुपए का चेक अपने एसबीआई (SBI) खाते में क्लियरेंस के लिए लगाया। लेकिन बैंक से जो जानकारी सामने आई, उसने उनके पैरों तले जमीन खिसका दी। चेक पर किए गए हस्ताक्षर गलत (Mismatch) होने की वजह से वह बाउंस होकर अनादरित हो गया। इसके बाद जब कारोबारी ने किरण साहू के फोन नंबर पर संपर्क करने की कोशिश की, तो पहले टालमटोल होता रहा और बाद में उसने फोन उठाना बंद कर दिया। न तो आरोपी महिला दुकान पर लौटी और न ही बकाया करोड़ों रुपए का भुगतान किया।
कोतवाली में कराई शिकायत
ठगी का अहसास होते ही पीड़ित ने तुरंत कोतवाली थाने में इसकी लिखित शिकायत दर्ज कराई। फिलहाल, पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और बैंक विवरणों के आधार पर दोनों महिलाओं की सरगर्मी से तलाश शुरू कर दी है। इस सनसनीखेज वारदात के बाद से रायपुर के सर्राफा कारोबारियों में भी सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।







