देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में मॉनसून की पहली बारिश ने ही बीएमसी (BMC) के दावों की पोल खोलकर रख दी है। जगह-जगह जलभराव और विपक्षी हमलों से घिरीं मुंबई की नई नवेली मेयर ऋतु तावड़े बुधवार को जमीनी हकीकत परखने दादर के गांधी मार्केट पहुंची थीं। साथ में मीडिया का कैमरा भी चल रहा था। मेयर साहिबा कैमरे के सामने छाता ताने पूरे आत्मविश्वास से कह रही थीं कि "सब कुछ कंट्रोल में है..." लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।
मेयर का यह जुमला अभी हवा में तैर ही रहा था कि उनके ठीक पीछे, हाथ में छाता लिए जा रहा एक आम राहगीर पानी से लबालब भरे एक गहरे गड्ढे में समा गया।
कैमरे के सामने खुली पोल, अधिकारियों पर फूटा गुस्सा
गनीमत रही कि उस शख्स को गंभीर चोट नहीं आई और उसे वक्त रहते संभाल लिया गया, लेकिन इस एक लाइव हादसे ने बीएमसी के मानसून इंतजामों का गुब्बारा फोड़ दिया। अपनी आंखों के सामने व्यवस्था की इस तरह धज्जियां उड़ते देख मेयर ऋतु तावड़े का पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया।
"क्या यही व्यवस्था है आपकी?" मेयर ने वहां मौजूद बीएमसी के बड़े अधिकारियों को मीडिया के सामने ही आड़े हाथों ले लिया। अधिकारियों के चेहरे देखने लायक थे, सबकी सिट्टी-पिट्टी गुम थी।
फटकार लगाने के बाद मेयर ने कड़े लहजे में अधिकारियों को अल्टीमेटम दिया:
साफ हिदायत: मुंबई के किसी भी इलाके में अगर मैनहोल या गड्ढा खुला मिला, तो अब बहानेबाजी नहीं चलेगी।
सीधी कार्रवाई: इसके लिए सीधे तौर पर संबंधित वॉर्ड ऑफिसर (Ward Officer) जिम्मेदार होंगे और उन्हें तुरंत सस्पेंड किया जाएगा।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, आदित्य ठाकरे का तीखा तंज
इस पूरी घटना का वीडियो जैसे ही सोशल मीडिया पर आया, वैसे ही जंगल की आग की तरह फैल गया। विपक्ष को तो जैसे बैठे-बिठाए एक बड़ा हथियार मिल गया।
शिवसेना (उद्धव गुट) के नेता आदित्य ठाकरे ने मेयर ऋतु तावड़े पर सीधा और तीखा हमला बोला। आदित्य ठाकरे ने तंज कसते हुए कहा:
"इन्होंने (भाजपा) बांग्लादेश और पाकिस्तान के मुद्दों पर इतना ज्यादा ध्यान दे दिया है कि इन्हें खुद अपनी मुंबई की क्या हालत हो रही है, इसका अंदाजा तक नहीं है। घर में बैठकर सरकार चलाने वाले जरा ग्राउंड जीरो पर आएं, तब पता चलेगा कि काम कैसे होता है।"
बीएमसी में सत्ता बदलने के बाद पहली परीक्षा
गौरतलब है कि महाराष्ट्र में मॉनसून की एंट्री के बाद से ही लगातार मूसलाधार बारिश हो रही है, जिससे निचले इलाकों में पानी भर गया है। हाल ही में हुए बीएमसी चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व वाले गठबंधन ने जीत हासिल की थी और ऋतु तावड़े मेयर बनी थीं।
इससे पहले लंबे समय तक बीएमसी की कमान उद्धव गुट के पास रही थी। ऐसे में नई सरकार और नई मेयर के लिए यह पहला मॉनसून है। यही वजह है कि मुंबई की जनता से लेकर राजनीतिक गलियारों तक, सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि ऋतु तावड़े इस 'वॉटरलॉगिंग' की चुनौती से मुंबई को कैसे उबारती हैं। फिलहाल, पहली ही बारिश में बीएमसी बैकफुट पर नजर आ रही है।
