Teacher Samman Ceremony: बेमेतरा में शिक्षकों का गौरव सम्मान, CM साय ने कहा- गुरु ही बनाते हैं नई पीढ़ी का भविष्य
Teacher Samman Ceremony: बेमेतरा में आयोजित जिला स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 81 सेवानिवृत्त शिक्षकों और 42 मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने बेमेतरा के विकास के लिए गौरव पथ और विद्युत सब-स्टेशन जैसी योजनाओं की घोषणा भी की।
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कीर्तिमान डेस्क | यशोदा साहू
14 Sep 2026, 11:48 AM
रायपुर
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Teacher Samman Ceremony: शिक्षा को समाज और राष्ट्र के विकास की सबसे मजबूत नींव बताते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि शिक्षक केवल बच्चों को किताबों का ज्ञान नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार और भविष्य को आकार देने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक की सीख का प्रभाव सिर्फ एक विद्यार्थी तक सीमित नहीं रहता, बल्कि वह परिवार, समाज और आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचता है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय रविवार को बेमेतरा के बेसिक स्कूल मैदान में आयोजित जिला स्तरीय शिक्षक सम्मान एवं प्रतिभावान विद्यार्थी सम्मान समारोह में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने जिले के 81 सेवानिवृत्त शिक्षकों को शॉल, श्रीफल, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। वहीं बोर्ड और महाविद्यालयीन परीक्षाओं में बेहतर प्रदर्शन करने वाले 42 मेधावी छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।
शिक्षक समाज के मार्गदर्शक और राष्ट्र निर्माता- CM साय
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत में गुरु के सम्मान की परंपरा प्राचीन काल से चली आ रही है। शिक्षक अपने ज्ञान और अनुभव से नई पीढ़ी को दिशा देते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा वह माध्यम है जो व्यक्ति को अपने अधिकारों और जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक बनाती है और उसमें आत्मविश्वास पैदा करती है। उन्होंने भारत की प्राचीन शिक्षा परंपरा का जिक्र करते हुए कहा कि तक्षशिला और नालंदा जैसे शिक्षा केंद्रों में दुनिया भर के विद्यार्थी ज्ञान प्राप्त करने आते थे। आज बदलते दौर में शिक्षा के क्षेत्र में तकनीक और आधुनिक संसाधनों की भूमिका बढ़ गई है। ऐसे में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ भविष्य की जरूरतों के अनुसार तैयार करना जरूरी है।
हर बच्चे को बेहतर शिक्षा देने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। सरकार का प्रयास है कि गांव हो या शहर, हर बच्चे को शिक्षा के समान अवसर मिलें और आर्थिक स्थिति किसी भी प्रतिभाशाली विद्यार्थी के सपनों में बाधा न बने। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में आईआईटी, आईआईएम, एम्स और ट्रिपल आईटी जैसी राष्ट्रीय स्तर की संस्थाओं की स्थापना से युवाओं के लिए उच्च शिक्षा के नए रास्ते खुले हैं। इसके अलावा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के लिए नालंदा परिसर जैसी सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छात्रवृत्ति, शिक्षा ऋण और अन्य योजनाओं के जरिए विद्यार्थियों को सहयोग दिया जा रहा है, ताकि प्रदेश में ऐसे युवा तैयार हों जो विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित भारत के निर्माण में योगदान दे सकें।
बेमेतरा को मिली विकास कार्यों की सौगात
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बेमेतरा जिले के लिए दो महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने बेमेतरा शहर में गौरव पथ निर्माण के लिए 2 करोड़ रुपए की स्वीकृति और ग्राम पंचायत तिवरिया में नए विद्युत सब-स्टेशन के निर्माण की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ सड़क, बिजली, पेयजल और अन्य बुनियादी सुविधाओं का विकास भी सरकार की प्राथमिकता है। बेहतर अधोसंरचना से शहरों और गांवों के विकास को गति मिलती है। समारोह में जल संरक्षण और भू-जल स्तर सुधार के लिए चलाए गए ‘मोर गांव मोर पानी’ महाअभियान के तहत किए गए कार्यों को भी सम्मानित किया गया। बेमेतरा जिले को क्रिटिकल जोन से सेमी-क्रिटिकल जोन की ओर लाने के प्रयासों के लिए जनपद पंचायत बेमेतरा, बेरला और नवागढ़ को सम्मान मिला। मुख्यमंत्री ने कहा कि जल संरक्षण आने वाली पीढ़ियों से जुड़ा विषय है और पानी की हर बूंद को बचाना सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि शासन के प्रयासों के साथ जनता की भागीदारी से बड़े बदलाव संभव होते हैं।
सुशासन और जनकल्याण योजनाओं का जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार गरीब, किसान, महिला और युवाओं सहित समाज के हर वर्ग के हितों को ध्यान में रखते हुए काम कर रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना, महतारी वंदन योजना सहित विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लोगों को लाभ पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि तकनीक के इस्तेमाल से सरकारी सेवाओं को आसान और पारदर्शी बनाया जा रहा है। अटल मॉनिटरिंग पोर्टल, सेवा सेतु और मुख्यमंत्री हेल्पलाइन जैसी पहलों से शासन और जनता के बीच बेहतर संवाद स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव और मंत्री दयाल दास बघेल ने भी किया संबोधित
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोच्च माना गया है। शिक्षक ज्ञान का प्रकाश फैलाकर समाज और राष्ट्र के भविष्य को दिशा देते हैं। वहीं खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल ने कहा कि शिक्षा के साथ संस्कार भी जरूरी हैं। शिक्षक विद्यार्थियों को जिम्मेदार नागरिक बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम में विधायक दीपेश साहू, विधायक ईश्वर साहू, विभिन्न बोर्ड के अध्यक्ष, कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं नागरिक मौजूद रहे।