"बाल अधिकार" के लिए 22 परिणाम मिले
राज्य सरकार
सुकमा में 16 वर्षीय बालिका का बाल विवाह रुकवाया, प्रशासन ने सुरक्षित संरक्षण में लिया
सुकमा जिले के तोंगपाल क्षेत्र में प्रशासन की तत्परता से 16 वर्षीय बालिका का बाल विवाह रुकवाया गया। सूचना मिलने पर महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला बाल संरक्षण इकाई, चाइल्ड लाइन और पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। बालिका की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उसे सुकमा लाया गया और बाल कल्याण समिति के समक्ष प्रक्रिया पूरी होने तक सखी सेंटर में सुरक्षित आश्रय दिया गया।
रायपुर
छत्तीसगढ़ में बाल श्रम का खुलासा, 16 बच्चों को बस से कराया गया रेस्क्यू, आरोपी गिरफ्तार
बाल श्रम के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 16 बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। चाइल्ड हेल्पलाइन और स्पेशल जुवेनाइल पुलिस यूनिट की संयुक्त टीम ने सूचना मिलने के बाद डेढ़ घंटे के भीतर बस को रोककर बच्चों को मुक्त कराया। प्रारंभिक जांच में बच्चों को कचन्दूर स्थित मॉडर्न एग्रो मशरूम में काम कराने के लिए ले जाने की बात सामने आई है। मामले में नियोक्ता लक्ष्मण पटेल को गिरफ्तार कर जांच शुरू कर दी गई है।
महासमुंद
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ : छपोराडीह स्कूल में छात्राओं को करियर और आत्मनिर्भरता का मिला मार्गदर्शन
महासमुंद के हायर सेकेंडरी स्कूल छपोराडीह में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत जागरूकता एवं करियर काउंसलिंग कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में छात्राओं को उच्च शिक्षा, कौशल विकास, स्वरोजगार, वित्तीय साक्षरता, बाल अधिकार और सरकारी योजनाओं की जानकारी देकर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया।
रायपुर
प्रशासन की लापरवाही : खुले गड्ढों से बच्चों की सुरक्षा को लेकर नगरीय निकायों को सख्त निर्देश
छत्तीसगढ़ में खुले गड्ढों से बच्चों की सुरक्षा को लेकर नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने सभी नगर निकायों को सख्त निर्देश जारी किए हैं। निकायों को सर्वे कर खुले गड्ढों और असुरक्षित निर्माण स्थलों की पहचान कर उन्हें भरने या सुरक्षा घेरा लगाने के निर्देश दिए गए हैं। बारिश के दौरान होने वाले हादसों को रोकने के लिए निर्माण एजेंसियों को भी सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा गया है।
राज्य सरकार
नवनियुक्त निगम-मंडल : मुख्यमंत्री ने पदाधिकारियों को दी बधाई और शुभकामनाएँ
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ के विभिन्न निगम, मंडल, आयोग, बोर्ड और संस्थाओं में नियुक्त नए अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सदस्यों को शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी पदाधिकारी जनसेवा, सुशासन और लोककल्याण के लिए समर्पण भाव से कार्य कर प्रदेश के विकास को नई गति देंगे।
राष्ट्रीय
डे-केयर में बच्चों से क्रूरता, वायरल वीडियो की महिला गिरफ्तार, जांच तेज
बेंगलुरु के एक डे-केयर सेंटर में मासूम बच्चों के साथ क्रूरता और बदसलूकी करने के मामले में पुलिस ने शुक्रवार को विजयलक्ष्मी नाम की महिला को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ी गई आरोपी वही महिला है जो सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में छोटे बच्चों को बुरी तरह प्रताड़ित करती और डराती नजर आ रही थी।
राष्ट्रीय
डे-केयर में मासूम से क्रूरता : टॉयलेट में बंद किया, रोते बच्चे के साथ बदसलूकी के वीडियो वायरल
बेंगलुरु में एक बड़ी आईटी कंपनी के परिसर में चल रहे बच्चों के डे-केयर सेंटर यानी शिशु गृह से दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां 2 से 3 साल के एक मासूम बच्चे के साथ बेरहमी और बदसलूकी की गई है। इस घटना के कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं, जिसमें वहां काम करने वाली महिलाएं बच्चे के साथ बेहद गलत व्यवहार करती दिख रही हैं। वीडियो सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
राज्य सरकार
बड़ी कार्रवाई : बाल श्रम पर सख्त हुईं डॉ. वर्णिका शर्मा, 6 बच्चों को कराया मुक्त
महासमुंद जिले के तुमगांव थाना क्षेत्र में छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने निरीक्षण के दौरान बाल श्रम का मामला पकड़ा। एक पिकअप वाहन में बैंड पार्टी के माध्यम से 6 नाबालिग बच्चों को काम पर ले जाया जा रहा था, जिसे उन्होंने मौके पर ही रोक दिया। उनकी तत्काल पहल पर एसजेपीयू, डीपीओ और डीसीपीओ की टीम ने बच्चों का रेस्क्यू कर उन्हें सुरक्षित थाना पहुंचाया।
देश
अंतरराष्ट्रीय बाल रक्षा दिवस : युद्ध, भुखमरी और शोषण के साए में जी रहे करोड़ों बच्चे, वैश्विक रिपोर्टों
हर साल 1 जून को मनाया जाने वाला अंतरराष्ट्रीय बाल रक्षा दिवस बच्चों के अधिकारों, सुरक्षा और बेहतर भविष्य की याद दिलाता है। लेकिन इस वर्ष जारी वैश्विक रिपोर्टों ने बच्चों की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता जताई है। दुनिया भर में करोड़ों बच्चे युद्ध, भूख, कुपोषण, बाल श्रम, यौन शोषण और भेदभाव जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो इसका असर पूरी दुनिया के भविष्य पर पड़ सकता है।
रायपुर
कार्रवाई : मदरसों और यतीमखानों के निरीक्षण में मिली गंभीर लापरवाही, बच्चों से कराए जा रहे थे काम
रायपुर में छत्तीसगढ़ बाल आयोग की अध्यक्ष वर्णिका शर्मा ने दो मदरसों और यतीमखानों का औचक निरीक्षण किया। जांच में बच्चों पर अत्यधिक पढ़ाई का दबाव, साफ-सफाई और भोजन व्यवस्था में खामियां सामने आईं। बच्चों से सफाई और अन्य कार्य कराए जाने पर आयोग ने कड़ी नाराजगी जताई। संस्थानों को बाल संरक्षण नियमों का सख्ती से पालन करने और व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार के निर्देश दिए गए हैं।