"कुपोषण" के लिए 26 परिणाम मिले
शिक्षा
नया खतरा : असंतुलित गर्मी और सर्दी से गर्भ में ही प्रभावित हो रही हमारी आने वाली पीढ़ी की औसत हाईट
जलवायु परिवर्तन अब मौसम का संकट नहीं, मानव विकास पर भी असर डाल सकता है। नए शोध बताते हैं कि बढ़ती गर्मी और नमी गर्भ में पल रहे बच्चों की वृद्धि को प्रभावित कर सकती है, जिससे भविष्य में औसत लंबाई घटने का खतरा पैदा हो रहा है।
छत्तीसगढ़
8वें पोषण पखवाड़ा के तहत आयुष विभाग द्वारा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य व मस्तिष्क विकास पर केंद्रित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
छत्तीसगढ़ के जिला आयुष विभाग द्वारा 9 से 23 अप्रैल 2026 तक 8वें पोषण पखवाड़ा के तहत जनजागरूकता और स्वास्थ्य संवर्धन कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस वर्ष का मुख्य विषय जीवन के पहले 6 वर्षों में बच्चों के मस्तिष्क विकास को अधिकतम करना है। इसके अंतर्गत गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और छोटे बच्चों के स्वास्थ्य व पोषण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। आयुष संस्थानों के माध्यम से सुवर्णप्राशन, गर्भिणी परिचर्या, योग, आहार-जीवनशैली मार्गदर्शन और स्वास्थ्य परामर्श जैसे कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं, जिनका उद्देश्य कुपोषण कम करना और मातृ-शिशु स्वास्थ्य को बेहतर बनाना है।