राजधानी रायपुर का पुलिस परेड ग्राउंड स्वतंत्रता दिवस के मौके पर पूरी तरह देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। राज्य स्तरीय मुख्य समारोह में सीएम विष्णुदेव साय ने पूरे उत्साह और गरिमा के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया और भव्य परेड की सलामी ली। सुरक्षा बलों की शानदार टुकड़ियों और भारी जनसैलाब के बीच सीएम ने अपना संबोधन दिया, जो खास तौर पर प्रदेश के युवाओं, उनके रोजगार और कानून-व्यवस्था को मजबूत करने पर केंद्रित रहा। युवाओं के भविष्य को लेकर सीएम साय ने एक बड़ा और ऐतिहासिक फैसला सुनाया। उन्होंने मंच से ऐलान किया कि सेना में अपनी सेवा पूरी कर चुके अग्निवीरों को अब छत्तीसगढ़ पुलिस बल की भर्ती में 10 प्रतिशत का सीधा आरक्षण दिया जाएगा।
रोजगार की दिशा में बड़ा कदम
सरकार के इस कदम से केंद्र की 'अग्निपथ योजना' से लौटने वाले युवाओं के लिए राज्य में सरकारी नौकरी पाने का सपना काफी आसान हो जाएगा और पुलिस विभाग को भी अनुशासित जवान मिलेंगे। रोजगार की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री ने यह भी साफ कर दिया कि प्रदेश में जल्द ही बड़े पैमाने पर शिक्षकों की बंपर भर्ती की जाएगी। इस एक घोषणा ने लंबे समय से शिक्षक बनने का इंतजार कर रहे लाखों बेरोजगार युवाओं में एक नई उम्मीद और ऊर्जा भर दी है।प्रतिभाओं का पीठ थपथपाई
हालांकि, कितने पदों पर भर्ती होगी और इसकी आवेदन प्रक्रिया क्या होगी, इसकी विस्तृत गाइडलाइन आने वाले दिनों में शिक्षा विभाग की ओर से जारी की जाएगी। अपने इस खास संबोधन में सीएम ने न सिर्फ रोजगार पर जोर दिया, बल्कि खेल के मैदान में प्रदेश का मान बढ़ाने वाली प्रतिभाओं की भी जमकर पीठ थपथपाई। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपने हुनर का लोहा मनवाने वाली छत्तीसगढ़ की होनहार वेटलिफ्टर ज्ञानेश्वरी यादव की शानदार सफलताओं का विशेष रूप से जिक्र किया और उनकी जमकर सराहना की।


