Ganesh Chaturthi: भक्ति के रंग में रंगा आरंग, गणेश प्रतिमाओं की धूमधाम से हुई स्थापना
Ganesh Chaturthi: आरंग में 11 दिवसीय गणेशोत्सव का भव्य शुभारंभ हुआ। ढोल-ताशों और जयकारों के बीच गणेश प्रतिमाओं की स्थापना की गई।
Ganesh Chaturthi: भाद्रपद शुक्ल चतुर्थी के अवसर पर सोमवार को मंदिरों की नगरी आरंग में
11 दिवसीय गणेशोत्सव की शुरुआत हुई। सुबह से ही शहर में गणपति बप्पा के जयकारे गूंजते रहे। गली-मोहल्लों से लेकर प्रमुख बाजारों तक श्रद्धालुओं में उत्साह नजर आया। युवाओं, बच्चों और बुजुर्गों ने मिलकर गणेश प्रतिमाओं को पूजा स्थलों तक पहुंचाया।
ढोल-ताशों के साथ निकली प्रतिमाओं की शोभायात्रा
गणेश प्रतिमाओं की स्थापना को लेकर सुबह से ही शहर में चहल-पहल रही। श्रद्धालु अबीर-गुलाल उड़ाते हुए ढोल-ताशों, डीजे और ताशा-बैंड की धुन पर नाचते-झूमते नजर आए। मुख्य मार्गों के साथ ही अंदरूनी गलियों में भी गणेश भक्तों की आवाजाही बनी रही। इस दौरान 'गणपति बप्पा मोरया' और 'एक-दो-तीन-चार, गणपति जी की जय-जयकार' के जयघोष से वातावरण भक्तिमय हो गया।
पंडालों में विधि-विधान से हुई प्राण-प्रतिष्ठा
आरंग के प्रमुख चौराहों, सार्वजनिक स्थलों, सामाजिक भवनों और विभिन्न वार्डों में गणेश प्रतिमाओं की स्थापना की गई है। उत्सव समितियों ने पंडालों को विद्युत झालरों, रंग-बिरंगे कपड़ों और फूलों से सजाया है। शुभ मुहूर्त में पंडितों और आचार्यों ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ प्राण-प्रतिष्ठा की पूजा संपन्न कराई। इसके बाद पहली आरती हुई और भक्तों को मोदक व लड्डुओं का प्रसाद वितरित किया गया।11 दिनों तक होंगे धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम
आरंग में गणेशोत्सव धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक एकजुटता का भी पर्व बनता है। उत्सव समितियों ने अगले 11 दिनों के लिए विभिन्न धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की तैयारी की है। शहर के पंडालों में प्रतिदिन शाम महाआरती का आयोजन होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। बच्चों और युवाओं के लिए रंगोली, चित्रकला और भजन प्रतियोगिताओं के साथ अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। उत्सव के अंतिम दिनों में विभिन्न समितियों की ओर से भंडारों का आयोजन होगा। गणपति बप्पा के आगमन के साथ आरंग में उत्सव का माहौल बन गया है। अगले 11 दिनों तक शहर के पंडालों में पूजा-अर्चना और धार्मिक गतिविधियों का सिलसिला जारी रहेगा।