Korba News: 10 साल से बदहाल सड़क, कीचड़ में बैठकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, जानिए पूरी खबर...
Korba News: मिनीमाता बांगो बांध मार्ग की बदहाल सड़क को लेकर पांच गांवों के ग्रामीणों ने कीचड़ में बैठकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने जल्द सड़क निर्माण की मांग करते हुए चक्काजाम की चेतावनी दी है।
क
कीर्तिमान डेस्क | लक्ष्मी साहू
04 Sep 2026, 11:47 AM
कोरबा
Korba News: मिनीमाता बांगो बांध मार्ग की जर्जर हालत को लेकर पांच गांवों के ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। भारी बारिश के बीच ग्रामीण सड़क पर जमा हुए और कीचड़ व गड्ढों के बीच बैठकर प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने सड़क की जल्द मरम्मत और निर्माण की मांग करते हुए जमकर नारेबाजी की।
ग्रामीणों का कहना है कि मिनीमाता बांगो बांध मार्ग पिछले करीब 10 वर्षों से बदहाल है। सड़क कई हिस्सों में पूरी तरह टूट चुकी है और जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। बारिश के दिनों में इन गड्ढों में पानी और कीचड़ भर जाने से आवागमन बेहद मुश्किल हो जाता है।
बांगो बांध मार्ग पर कीचड़ व गड्ढों से ग्रामीण परेशान
स्कूली बच्चों और राहगीरों को सबसे ज्यादा परेशानी
ग्रामीणों के मुताबिक सड़क की खराब स्थिति का सबसे ज्यादा असर स्कूली बच्चों, दोपहिया वाहन चालकों और राहगीरों पर पड़ रहा है। उनका दावा है कि सड़क के गड्ढों और कीचड़ के कारण कई बार लोग गिरकर घायल भी हो चुके हैं। बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो जाती है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सड़क की समस्या का स्थायी समाधान करने के बजाय प्रशासन गड्ढों में मिट्टी डालकर औपचारिकता पूरी करता है। बारिश होते ही मिट्टी बह जाती है और सड़क दोबारा उसी हालत में पहुंच जाती है।
पर्यटन स्थल तक पहुंचने वाला प्रमुख मार्ग
मिनीमाता बांगो बांध मार्ग कई पंचायतों और गांवों को आपस में जोड़ता है। इसके अलावा बांगो बांध क्षेत्र में पर्यटन के लिए दूसरे जिलों और राज्यों से भी लोग पहुंचते हैं। ऐसे में सड़क की खराब हालत से स्थानीय लोगों के साथ पर्यटकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से सड़क निर्माण की मांग उठाई जा रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
प्रदर्शन की जानकारी मिलने पर जनपद सदस्य आयुष सिंह मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत की। उन्होंने उनकी समस्याएं सुनीं और जल्द समाधान के लिए प्रयास करने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया।
आयुष सिंह ने कहा कि पिछले 10 वर्षों से सड़क की स्थिति खराब है। इस संबंध में जिला प्रशासन और राज्य सरकार को कई बार पत्राचार किया जा चुका है, लेकिन अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। उन्होंने बताया कि इस मार्ग पर पहले भी कई हादसे हो चुके हैं और लोगों को लगातार परेशानी उठानी पड़ रही है।
जल्द काम शुरू नहीं हुआ तो चक्काजाम
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सड़क निर्माण या स्थायी मरम्मत का काम शुरू नहीं किया गया तो वे चक्काजाम कर बड़ा आंदोलन करेंगे। ग्रामीणों ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासन पर लंबे समय से सड़क की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। फिलहाल जनपद सदस्य के आश्वासन के बाद प्रदर्शन समाप्त हो गया है, लेकिन ग्रामीणों ने स्पष्ट किया है कि मांग पूरी नहीं होने पर वे दोबारा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेंगे।