देशभर के लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों का इंतजार अब जल्द खत्म हो सकता है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) किसी भी समय NEET UG री-एग्जाम का परिणाम जारी कर सकती है। इस परीक्षा में 20 लाख से अधिक उम्मीदवार शामिल हुए थे, जो लंबे समय से अपने रिजल्ट और आगे की प्रवेश प्रक्रिया का इंतजार कर रहे हैं। रिजल्ट जारी होने के बाद मेडिकल कॉलेजों में दाखिले की प्रक्रिया भी तेजी से आगे बढ़ेगी।
सूत्रों के अनुसार, परीक्षा परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद मेडिकल काउंसलिंग का विस्तृत शेड्यूल भी जारी किया जाएगा। इस बार कोशिश है कि छात्रों को अधिक इंतजार न करना पड़े और सभी चरण तय समयसीमा के भीतर पूरे किए जाएं। काउंसलिंग प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और पारदर्शी तरीके से संचालित किए जाने की तैयारी है, ताकि अभ्यर्थियों को कम से कम परेशानी का सामना करना पड़े।
री-एग्जाम से प्रभावित हुआ पूरा एडमिशन कैलेंडर
इस वर्ष NEET UG री-एग्जाम आयोजित होने की वजह से मेडिकल प्रवेश प्रक्रिया का पूरा कैलेंडर प्रभावित हुआ है। सामान्य परिस्थितियों में अब तक काउंसलिंग शुरू हो जाती, लेकिन परीक्षा दोबारा होने के कारण सभी चरण आगे खिसक गए। अब संबंधित एजेंसियां इस बात पर काम कर रही हैं कि रिजल्ट घोषित होते ही बिना किसी अतिरिक्त देरी के काउंसलिंग शुरू कर दी जाए।
जल्द जारी होगा मेडिकल सीट मैट्रिक्स
मेडिकल कॉलेजों में उपलब्ध सीटों का अंतिम विवरण भी जल्द सार्वजनिक किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए सीट मैट्रिक्स लगभग तैयार है और अगले कुछ दिनों में इसे आधिकारिक रूप से जारी किया जा सकता है। सीट मैट्रिक्स जारी होने के बाद अभ्यर्थियों को यह स्पष्ट हो जाएगा कि सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों में कितनी सीटें उपलब्ध हैं और वे अपनी प्राथमिकताओं के अनुसार विकल्प भर सकेंगे।
MBBS सीटों में 8 से 10 हजार तक बढ़ोतरी की संभावना
इस बार मेडिकल शिक्षा से जुड़े छात्रों के लिए एक और राहत भरी खबर सामने आ सकती है। सूत्रों का कहना है कि नए शैक्षणिक सत्र में MBBS सीटों की संख्या में 8 से 10 हजार तक का इजाफा होने की संभावना है। पिछले वर्ष देशभर में लगभग 1.29 लाख MBBS सीटें उपलब्ध थीं, जबकि इस बार यह आंकड़ा करीब 1.40 लाख तक पहुंच सकता है। यदि ऐसा होता है तो बड़ी संख्या में छात्रों को मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश का अवसर मिलेगा। मेडिकल शिक्षा का लगातार हो रहा विस्तार पिछले कुछ वर्षों से केंद्र सरकार मेडिकल शिक्षा के दायरे को लगातार बढ़ाने पर काम कर रही है।
नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना
पुराने संस्थानों में सीटों का विस्तार और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से MBBS सीटों में लगातार बढ़ोतरी की जा रही है। इसका लाभ उन छात्रों को मिलेगा, जो हर साल सीमित सीटों के कारण प्रवेश से वंचित रह जाते हैं। देशभर में मेडिकल प्रवेश का एकमात्र माध्यम है NEET UG NEET UG देशभर के मेडिकल, डेंटल और अन्य अंडरग्रेजुएट मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली एकमात्र राष्ट्रीय प्रवेश परीक्षा है।