Piyush Goyal US Visit: केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल अमेरिका दौरे पर हैं, जहां वह मिल्वौकी में आयोजित होने वाली G20 व्यापार मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगे। यह बैठक अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर के निमंत्रण पर आयोजित की जा रही है। बैठक के दौरान वैश्विक व्यापार व्यवस्था, निवेश और आर्थिक सहयोग से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होगी। अमेरिका यात्रा के दौरान पीयूष गोयल अपने अमेरिकी समकक्ष के साथ भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते (Bilateral Trade Agreement) को लेकर बातचीत को आगे बढ़ाएंगे।
वाणिज्य मंत्रालय के अनुसार, दोनों देशों के बीच जारी वार्ता का लक्ष्य इस साल 7 फरवरी को जारी संयुक्त वक्तव्य के आधार पर अंतरिम व्यापार समझौते को अंतिम रूप देना है। पीयूष गोयल 29 सितंबर से 5 अक्टूबर तक अमेरिका की यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान वह G20 बैठक में भारत का पक्ष रखते हुए विश्व व्यापार संगठन (WTO) आधारित नियमों, खुले और पारदर्शी बहुपक्षीय व्यापार तंत्र को मजबूत करने पर जोर देंगे।
G20 बैठक में कई देशों के मंत्रियों से मुलाकात
G20 व्यापार मंत्रियों की बैठक के दौरान पीयूष गोयल विभिन्न देशों के अपने समकक्षों के साथ द्विपक्षीय वार्ता भी करेंगे। इन बैठकों में व्यापार सहयोग बढ़ाने, वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और आर्थिक साझेदारी जैसे विषयों पर चर्चा होने की संभावना है। मिल्वौकी और शिकागो दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री अमेरिका की प्रमुख कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात करेंगे। इन बैठकों में विनिर्माण, उपभोक्ता वस्तुएं, कृषि व्यवसाय, रिटेल और टेक्नोलॉजी सेक्टर में निवेश और साझेदारी के अवसरों पर चर्चा होगी। वाणिज्य मंत्रालय ने बताया कि गोयल अमेरिकी कंपनियों को भारत में मौजूद निवेश संभावनाओं और निर्माण क्षेत्र के अवसरों से अवगत कराएंगे। साथ ही भारतीय कंपनियों के साथ साझेदारी बढ़ाने के लिए भी उन्हें प्रोत्साहित करेंगे।
भारत-अमेरिका आर्थिक संबंधों के लिए अहम दौरा
पीयूष गोयल की यह यात्रा ऐसे समय हो रही है, जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर बातचीत जारी है। दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों को मजबूत करने की दिशा में इस दौरे को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस साल G20 की अध्यक्षता अमेरिका के पास है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप 14 और 15 दिसंबर को फ्लोरिडा के डोराल में G20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेंगे।रूस-ईरान प्रतिबंध कानून के बाद बढ़ी अहमियत
पीयूष गोयल की अमेरिका यात्रा को हालिया अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों के कारण भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 18 सितंबर को रूस और ईरान पर प्रतिबंध लगाने वाले कानून पर हस्ताक्षर किए गए थे। इस कानून के तहत अमेरिकी राष्ट्रपति को रूस से तेल और गैस खरीदने वाले देशों, जिनमें भारत और चीन भी शामिल हैं, पर 100 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का अधिकार दिया गया है। भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता के बीच होने वाली यह यात्रा दोनों देशों के आर्थिक संबंधों के अगले चरण के लिए अहम मानी जा रही है।
