Sasaram Murder Case: अंधविश्वास से जुड़ा एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यदुनाथपुर थाना क्षेत्र के दरवना जंगल में एक बुजुर्ग की बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान योगेश्वर ठाकुर के रूप में हुई है। पुलिस ने जंगल से उनका शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। घटना के बाद इलाके में डर और आक्रोश का माहौल है। मवेशी चराने गए थे, वापस नहीं लौटे।
जानकारी के मुताबिक, योगेश्वर ठाकुर रोज की तरह अपने मवेशियों को चराने के लिए दरवना जंगल की ओर गए थे। शाम तक जब वह घर नहीं लौटे तो परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद उनका शव जंगल में पड़ा मिला। परिजनों के अनुसार, शव पर गंभीर चोट के निशान थे। पुलिस को शुरुआती जांच में धारदार हथियार से हमला किए जाने के संकेत मिले हैं। आशंका जताई जा रही है कि हमलावरों ने पहचान छिपाने के लिए उनके सिर और चेहरे पर भी हमला किया।
बहू की बीमारी को लेकर बढ़ा विवाद
बहू की बीमारी को लेकर हुआ था विवाद पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि हत्या के पीछे ओझा-गुनी और तंत्र-मंत्र से जुड़ा विवाद हो सकता है। बताया जा रहा है कि कुछ दिन पहले पड़ोसी शीतल ठाकुर के परिवार में उनकी बहू की तबीयत अचानक खराब हो गई थी।
परिवार के कुछ लोगों को शक था कि योगेश्वर ठाकुर तंत्र-मंत्र या कथित ओझाई के जरिए उनकी बहू को नुकसान पहुंचा रहे हैं। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद हुआ था और मारपीट की स्थिति भी बनी थी।
पुराने विवाद की जांच में जुटी पुलिस
इस मामले को लेकर घटना से करीब एक सप्ताह पहले यदुनाथपुर थाने में शिकायत भी दर्ज कराई गई थी। अब पुलिस इसी पुराने विवाद को हत्या की वजह मानकर जांच आगे बढ़ा रही है। पुलिस ने शुरू की जांच, आरोपियों की तलाश जारी घटना की सूचना मिलते ही यदुनाथपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। पुलिस ने घटनास्थल की जांच के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस
थानाध्यक्ष सर्वेश कुमार ने बताया कि ओझा-गुनी के शक को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले से विवाद चल रहा था। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है। आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है।

