Shahdol Rain: लगातार हो रही बारिश के बीच एक कच्चा मकान अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे के वक्त घर के अंदर मौजूद पति-पत्नी और उनका बेटा मलबे की चपेट में आ गए। मकान में बंधी तीन बकरियां और तीन बकरे भी मलबे में दब गए। मकान गिरने की तेज आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बारिश के बीच राहत-बचाव कार्य शुरू किया। ग्रामीणों ने मलबा हटाकर परिवार को बाहर निकाला घटना जैतपुर थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत नगपुरा के कादाटोला की है। बताया जा रहा है कि रुक-रुककर हो रही बारिश के दौरान रामप्रसाद बैगा का कच्चा मकान अचानक ढह गया।
मलबे में दबा परिवार, ग्रामीणों ने बचाई जान
हादसे के समय रामप्रसाद, उनकी पत्नी सोमवती और बेटा रोहित घर के अंदर मौजूद थे। मकान गिरते ही तीनों मलबे में दब गए। अचानक हुए हादसे से गांव में अफरा-तफरी मच गई। आवाज सुनकर ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे और मलबा हटाने में जुट गए। बारिश के बीच ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद रामप्रसाद, सोमवती और रोहित को बाहर निकाला। हादसे में तीनों घायल हुए हैं।
यह भी पढ़ेंKaushambi firecracker factory blast, 8 की मौत, 20 की हालत नाजुक, मलबे से निकाले गए 22 लोगएंबुलेंस में देरी, निजी वाहन से अस्पताल
एंबुलेंस में देरी, निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया हादसे के बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाने के लिए एंबुलेंस को सूचना दी गई, लेकिन परिजनों के मुताबिक काफी देर तक एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची। इसके बाद सरपंच और सचिव की मदद से निजी वाहन की व्यवस्था की गई। तीनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। मकान के साथ पशुधन का भी नुकसान हादसे में परिवार के छह पशु भी मलबे में दब गए। इनमें तीन बकरियां और तीन बकरे शामिल हैं।
बारिश से बढ़ी कच्चे मकानों की चिंता
मकान गिरने से परिवार के सामने रहने की समस्या खड़ी हो गई है, वहीं पशुधन के नुकसान से आर्थिक परेशानी भी बढ़ गई है। लगातार बारिश से बढ़ी चिंता शहडोल जिले में बारिश का दौर लगातार जारी है। जिले में अब तक 38.07 इंच औसत बारिश दर्ज की जा चुकी है, जबकि सामान्य वार्षिक बारिश 47.70 इंच है। लगातार बारिश के बीच कच्चे और जर्जर मकानों में रहने वाले परिवारों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। कादाटोला की यह घटना ग्रामीण इलाकों में ऐसे मकानों की स्थिति और सुरक्षा इंतजामों पर भी सवाल खड़े करती है।
