Share Market: शेयर बाजार में शुक्रवार, 6 नवंबर को कारोबार की शुरुआत कमजोर रहने के आसार हैं, गुरुवार को भारतीय बाजार में जोरदार तेजी देखने को मिली थी, लेकिन अमेरिकी बाजारों में आई भारी गिरावट ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। GIFT Nifty करीब 159 अंक यानी 0.65 प्रतिशत टूटकर 24,440 के आसपास कारोबार कर रहा था। इससे संकेत मिल रहे हैं कि सेंसेक्स और निफ्टी शुक्रवार को दबाव के साथ कारोबार शुरू कर सकते हैं।
गुरुवार को सेंसेक्स और निफ्टी में शानदार उछाल
गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में लगातार छठे कारोबारी सत्र में तेजी दर्ज की गई। BSE Sensex 2,008.61 अंक यानी 2.60 प्रतिशत की बढ़त के साथ 79,310.01 पर बंद हुआ। वहीं NSE Nifty 50 में 576 अंकों यानी 2.40 प्रतिशत की तेजी आई और यह 24,536.60 के स्तर पर पहुंच गया। हालांकि, इस शानदार रिकवरी के बावजूद दोनों प्रमुख सूचकांक अपने पुराने रिकॉर्ड स्तर से नीचे बने हुए हैं। सेंसेक्स अपने रिकॉर्ड हाई से करीब 6,849 अंक और निफ्टी लगभग 1,822 अंक नीचे है।
अमेरिकी बाजारों में भारी बिकवाली, टेक शेयरों पर दबाव
भारतीय बाजार के लिए सबसे बड़ी चिंता अमेरिकी शेयर बाजारों से मिल रहे कमजोर संकेत हैं। गुरुवार को वॉल स्ट्रीट में जोरदार बिकवाली हुई। खास तौर पर टेक्नोलॉजी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और सेमीकंडक्टर कंपनियों के शेयरों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई।अमेरिकी बाजारों के प्रमुख सूचकांकों का हाल इस प्रकार रहा
- Dow Jones: 1,800 अंकों से ज्यादा की गिरावट।
- Nasdaq Composite: करीब 5.5 प्रतिशत टूटकर बंद हुआ।
- S&P 500: लगभग 4.4 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
अमेरिकी बाजारों में आई इस गिरावट ने मिडटर्म चुनावों के बाद बनी तेजी को काफी हद तक कमजोर कर दिया है। टेक्नोलॉजी शेयरों में बिकवाली का असर दूसरे अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर भी पड़ रहा है।
आज इन कंपनियों के तिमाही नतीजों पर भी रहेगी नजर
शुक्रवार को कई अन्य कंपनियां भी सितंबर तिमाही के वित्तीय नतीजे जारी करेंगी। इनमें Hindalco, Siemens, Aster DM Healthcare, Gland Pharma, Jubilant FoodWorks, Cholamandalam Financial Holdings, Data Patterns और Great Eastern Shipping शामिल हैं। इन कंपनियों के नतीजों से उनके कारोबारी प्रदर्शन और आगे की संभावनाओं का अंदाजा लगेगा। ऐसे में निवेशकों की नजर इन शेयरों की चाल पर भी बनी रहेगी।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत
भारतीय बाजार में पिछले कारोबारी सत्र की तेजी के बाद अब वैश्विक संकेत अहम भूमिका निभा सकते हैं। अमेरिकी बाजारों की कमजोरी, GIFT Nifty में गिरावट और कंपनियों के तिमाही नतीजे शुक्रवार के कारोबार की दिशा तय करने वाले प्रमुख कारक रहेंगे। निवेशकों को बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच सावधानी बरतने की जरूरत होगी।












