Jio Platforms IPO: भारतीय शेयर बाजार के
इतिहास में शुक्रवार का दिन एक नया अध्याय दर्ज कर गया। उद्योगपति मुकेश अंबानी की
अगुवाई वाली कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स का आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) शुक्रवार, 23 अक्टूबर को आधिकारिक तौर पर बंद हो गया।
30,213 करोड़ रुपये का यह
इश्यू न केवल भारत का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ साबित हुआ, बल्कि इसने बोलियों के मामले में दुनिया
भर के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
किसी IPO को मिले 1.38 करोड़ से ज्यादा आवेदन
तीन दिनों तक चली इस बिडिंग प्रक्रिया में निवेशकों का उत्साह देखते ही बन रहा था। बंद होने तक इस इश्यू को 1.38 करोड़ से अधिक आवेदन मिले। दुनिया के किसी भी आईपीओ के इतिहास में पहली बार किसी कंपनी को इतनी बड़ी संख्या में व्यक्तिगत आवेदन प्राप्त हुए हैं। बोलियों के मामले में यह वैश्विक स्तर पर एक नया कीर्तिमान है।
22 गुना से ज्यादा सब्सक्रिप्शन, 7.40 लाख करोड़ की बोलियाँ
शुक्रवार शाम 7 बजे जब बिडिंग का समय समाप्त हुआ, तब तक जियो का IPO कुल मिलाकर 22 गुना से अधिक सब्सक्राइब हो चुका था। आंकड़ों के मुताबिक, एंकर और नॉन-एंकर दोनों श्रेणियों को मिलाकर निवेशकों ने करीब 7.40 लाख करोड़ रुपये के शेयरों के लिए दावेदारी पेश की है। इनमें से अकेले नॉन-एंकर निवेशकों से 4.90 लाख करोड़ रुपये और एंकर निवेशकों से लगभग 2.50 लाख करोड़ रुपये की मांग आई है।संस्थागत
निवेशकों (QIB) का
दबदबा: 70 गुना से अधिक भरी
श्रेणी
इस आईपीओ में सबसे जबरदस्त रुचि बड़े संस्थागत निवेशकों (QIBs) ने दिखाई। QIB कैटेगरी में कुल 70.55 गुना सब्सक्रिप्शन दर्ज किया गया। इसके अलावा, गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) का कोटा 14 गुना, रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरधारकों के लिए आरक्षित हिस्सा 7.60 गुना और कर्मचारियों की श्रेणी 2.93 गुना भरी।
आम निवेशकों (रिटेल कैटेगरी) का भी दिखा भारी उत्साह
छोटों और आम खुदरा निवेशकों ने भी इस आईपीओ में बढ़कर हिस्सा लिया। रिटेल निवेशकों के लिए कुल इश्यू का 35 प्रतिशत हिस्सा यानी लगभग 8.5 करोड़ शेयर आरक्षित रखे गए थे। इसके जवाब में खुदरा निवेशकों ने 23 करोड़ से अधिक शेयरों के लिए बोलियाँ लगा दीं। इस प्रकार रिटेल सेगमेंट में उपलब्ध शेयरों की तुलना में करीब 2.72 गुना ज्यादा मांग देखने को मिली।जानिए कब होगा अलॉटमेंट और शेयर बाजार में लिस्टिंग
आईपीओ
प्रक्रिया समाप्त होने के बाद अब निवेशकों की नजरें अलॉटमेंट पर टिकी हैं। तय
कार्यक्रम के अनुसार:
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शेयर
अलॉटमेंट की तारीख: 26 अक्टूबर
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डीमैट
अकाउंट में क्रेडिट: 27 अक्टूबर
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BSE और
NSE पर लिस्टिंग:
28 अक्टूबर
यदि सब कुछ तय योजना के मुताबिक रहता है, तो इसी महीने की 28 तारीख को जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर घरेलू शेयर बाजारों में ट्रेड करना शुरू कर देंगे।







