लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विभाग ने निगरानी और जांच की प्रक्रिया तेज कर दी है। माह में दो बार चलाए जाने वाले विशेष निरीक्षण अभियान के तहत मुख्य अभियंताओं के अलग-अलग दलों ने सीहोर, बालाघाट, ग्वालियर, झाबुआ, अनूपपुर, रतलाम और पन्ना जिलों का दौरा किया। इस दौरान रेंडम आधार पर चयनित कुल 35 निर्माण कार्यों का औचक निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर निर्माण की गुणवत्ता, कार्य की प्रगति, उपयोग की जा रही सामग्री और निर्धारित मापदंडों के पालन की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण का उद्देश्य निर्माण कार्यों में लापरवाही को रोकने के साथ समय पर गुणवत्तापूर्ण काम सुनिश्चित करना है।
निरीक्षण रिपोर्ट की समीक्षा
निरीक्षण दलों की ओर से तैयार किए गए प्रतिवेदनों की बाद में विस्तार से समीक्षा की गई। मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम के प्रबंध संचालक भरत यादव की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में अलग-अलग जिलों में मिले परिणामों पर चर्चा हुई। समीक्षा के दौरान अधिकारियों से निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति और मौके पर मिली कमियों की जानकारी ली गई। जिन स्थानों पर गुणवत्ता और कार्य की गति संतोषजनक नहीं मिली, वहां सुधारात्मक कदम उठाने और जिम्मेदार एजेंसियों तथा अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
ब्लैकलिस्टिंग के निर्देश
निरीक्षण अभियान के दौरान कुछ निर्माण कार्य निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप नहीं पाए गए। ऐसे मामलों को विभाग ने गंभीरता से लेते हुए संबंधित निर्माण एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए हैं। असंतोषजनक कार्य के मामले में दो निर्माण एजेंसियों के विरुद्ध ब्लैकलिस्टिंग की कार्रवाई करने और तीन एजेंसियों को नोटिस जारी करने को कहा गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्माण की गुणवत्ता से समझौता करने वाली एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और कार्यों की लगातार निगरानी भी जारी रहेगी।गुणवत्ता पर अधिकारियों की प्रशंसा
निरीक्षण में जहां खराब काम पर कार्रवाई की गई, वहीं गुणवत्तापूर्ण निर्माण करने वाले अधिकारियों की सराहना भी हुई। रतलाम जिले में बंजली-सेजावता बाइपास रोड पर निर्माणाधीन आरओबी-190 का काम निरीक्षण के दौरान गुणवत्तापूर्ण पाया गया। कार्य की गुणवत्ता और प्रगति को देखते हुए अनुविभागीय अधिकारी आरएन सूर्यवंशी और उपयंत्री विजय मंडलोई की प्रशंसा की गई। विभाग ने अच्छे कार्य को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से अधिकारियों के प्रयासों को सराहा।
स्कूल भवन का निर्माण
रतलाम जिले में ही शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल, छावनी झोड़िया के निर्माणाधीन भवन का भी निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान भवन निर्माण का काम निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पाया गया। निर्माण कार्य की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए उपयंत्री और अनुविभागीय अधिकारी प्रशांत जोशी की प्रशंसा की गई। विभाग का कहना है कि बेहतर कार्य करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने से निर्माण परियोजनाओं में गुणवत्ता को और मजबूत किया जा सकेगा।शिकायतें 4 दिन में निपटाएं
समीक्षा बैठक में लोकपथ एप के माध्यम से प्राप्त होने वाली शिकायतों के निराकरण को लेकर भी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए। संबंधित अधिकारियों से कहा गया कि एप पर दर्ज शिकायतों को लंबित न रखा जाए और निर्धारित चार दिवस की समय-सीमा के भीतर उनका अनिवार्य रूप से निराकरण किया जाए। शिकायत मिलने के बाद मौके की स्थिति की जांच कर आवश्यक सुधार कराने और शिकायतकर्ता को कार्रवाई की जानकारी उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया।