रायगढ़ जिले के पुसौर थाना क्षेत्र में हुई चोरी की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने चोरी करने वाले आरोपी के साथ चोरी का सामान खरीदने वाले कबाड़ी को भी गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
दीवार फांदकर घर में घुसा था चोर
पुलिस के मुताबिक, ग्राम जामपाली निवासी देव कुमार नायक (25) ने 8 जून 2026 को थाने में चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि रात के समय अज्ञात चोर घर की दीवार फांदकर अंदर घुस गया और बजाज कंपनी का इंडक्शन चूल्हा, अर्पणा कंपनी का रेडियो, वीवो मोबाइल फोन और नकदी रकम चोरी कर फरार हो गया।मामले में पुसौर थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 331(4) और 305 के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की थी।
आरोपी ने कबूली चोरी की बात
जांच के दौरान पुलिस को मुखबिर से आरोपी के संबंध में जानकारी मिली। सूचना के आधार पर पुलिस ने डिलेश्वर सोनी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में उसने घर में चोरी करने की बात स्वीकार कर ली। आरोपी ने बताया कि चोरी के बाद उसने मोबाइल फोन और रेडियो को झाड़ियों में फेंक दिया था, जबकि इंडक्शन चूल्हा कबाड़ी बलदेव साव को बेच दिया था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से चोरी की रकम में से 3,950 रुपये नकद बरामद किए हैं।
कबाड़ी ने खरीदा था चोरी का सामान
पुलिस ने इसके बाद चोरी का सामान खरीदने वाले कबाड़ी बलदेव साव से पूछताछ की। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि उसने चोरी का इंडक्शन चूल्हा 1,000 रुपये में खरीदा था। बाद में उसने उसे तोड़कर कबाड़ में मिला दिया। पुलिस ने कबाड़ी के पास से इंडक्शन चूल्हे के टूटे हुए हिस्से बरामद किए हैं। चोरी की संपत्ति खरीदने के मामले में उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(2) के तहत कार्रवाई की गई है।
दोनों आरोपियों गिरफ्तार
इस मामले में पुलिस ने डिलेश्वर सोनी (23 वर्ष), निवासी जामपाली डीपापारा, थाना पुसौर, जिला रायगढ़ और बलदेव साव (53 वर्ष), निवासी वार्ड क्रमांक-20, कोड़ातराई, थाना जूटमिल, जिला रायगढ़ को गिरफ्तार किया है। पुलिस टीम की कार्रवाई से हुआ मामले का खुलासा थाना प्रभारी निरीक्षक हर्षवर्धन सिंह बैस के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुखबिर तंत्र और तेजी से की गई जांच के आधार पर चोरी की इस वारदात का खुलासा किया।
चोरी का माल खरीदने वालों पर कार्रवाई
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि चोरी करने वालों के साथ-साथ चोरी का सामान खरीदने वाले लोग भी कानून के दायरे में आएंगे। उन्होंने आम लोगों से अपील की है कि बिना जानकारी के संदिग्ध सामान की खरीद-बिक्री न करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।