"मत्स्य विभाग" के लिए 10 परिणाम मिले
राज्य सरकार
Fish Farming: सिंचाई से लेकर कमाई तक सहारा बनी डबरी, ग्रामीण परिवार को मिला नया अवसर
Fish Farming: सरगुजा के अम्बिकापुर विकासखंड में डबरी निर्माण से उमेश प्रसाद गुप्ता की खेती आसान हुई है। अब वे सिंचाई के साथ मछली पालन कर अतिरिक्त आय का साधन तैयार कर रहे हैं।
राज्य सरकार
fish farming: छोटी डबरी से शुरू हुआ सफर, आधुनिक मछली पालन से सुदर्शन ने रची सफलता की कहानी
fish farming: बस्तर जिले के दरभा विकासखंड के किसान सुदर्शन बघेल ने प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना का लाभ लेकर पारंपरिक खेती से आगे बढ़ते हुए आधुनिक मछली पालन को अपनाया। वैज्ञानिक तकनीक और बेहतर प्रबंधन से उन्होंने उत्पादन बढ़ाया और सीधे बाजार में बिक्री कर अच्छी आय अर्जित की।
राज्य सरकार
scientific fish farming: कामिनी रोहतिया ने वैज्ञानिक मत्स्य पालन से बढ़ाई आमदनी, बनीं किसानों की मिसाल
scientific fish farming: खोंगापानी की मत्स्य कृषक कामिनी रोहतिया ने वर्ष 2022 में मत्स्य विभाग के सहयोग से करीब एक हेक्टेयर तालाब में वैज्ञानिक तरीके से मत्स्य पालन शुरू किया। करीब 5 हजार फिंगरलिंग्स के संचयन, बेहतर तालाब प्रबंधन और विभागीय तकनीकी मार्गदर्शन से उन्हें अब सालाना लगभग 2 लाख रुपए का लाभ मिल रहा है। उनका अनुभव दूसरे किसानों के लिए भी प्रेरणादायक है।
स्टार्टअप
कम लागत में बंपर कमाई : मछली पालन के लिए सरकार दे रही है 60% तक की भारी सब्सिडी, ऐसे उठाएं फायदा
अगर आप कम निवेश में अच्छा बिजनेस शुरू करना चाहते हैं, तो मछली पालन एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है। केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत तालाब निर्माण, मछली बीज, दाना, कोल्ड स्टोरेज और परिवहन जैसी सुविधाओं पर 40% से 60% तक सब्सिडी दी जा रही है। महिला और SC/ST वर्ग के लाभार्थियों को अधिक सहायता मिलती है।
राज्य सरकार
मानसून : बाढ़ एवं आपदा प्रबंधन हेतु कलेक्टर ने नियंत्रण कक्ष स्थापना एवं ड्यूटी रोस्टर जारी किया
मानसून सत्र 2026 के दौरान प्राकृतिक आपदाओं से बचाव एवं राहत व्यवस्था के लिए 01 जून 2026 से जिला कार्यालय कक्ष क्रमांक 30 में जिला आपदा नियंत्रण कक्ष स्थापित किया जाएगा, जो वर्षा काल समाप्ति तक 24×7 संचालित रहेगा।
महासमुंद
ग्रामीण विकास : किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस, कार्यशाला आयोजित
नवा रायपुर में केंद्रीय सहकारिता मंत्रालय और नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड द्वारा पूर्वी क्षेत्र के छह राज्यों की क्षेत्रीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में ग्रामीण विकास, किसानों की आय बढ़ाने, पैक्स समितियों को बहुउद्देशीय सेवा केंद्र बनाने और सहकारिता आधारित योजनाओं को मजबूत करने पर चर्चा हुई।
सुशासन तिहार : दंतेवाड़ा में शिविरों से ग्रामीणों को त्वरित समाधान और आधुनिक उपकरणों का लाभ
दंतेवाड़ा जिले में चल रहे कलस्टर वार सुशासन शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा रहा है। साथ ही विभिन्न विभागों द्वारा हितग्राहियों को जाल और आईस बॉक्स जैसे आधुनिक उपकरण निःशुल्क दिए जा रहे हैं, जिससे उनका जीवन और व्यवसाय आसान हो रहा है। भूसारास और हल्बारास के शिविरों में मत्स्य विभाग ने कई किसानों को लाभान्वित किया। हिड़मा मण्डावी को मछली पकड़ने के लिए जाल मिला, जिससे उनकी लागत कम होगी और आय बढ़ेगी। महादेव मरकाम को आईस बॉक्स मिला, जिससे मछलियों के खराब होने की समस्या समाप्त होगी।
छत्तीसगढ़
जहां लगती थी जन-अदालत, वहां पहुंचा सुशासन : पुजारी कांकेर में पहली बार लगा जनसमस्या निवारण महाशिविर
माओवाद प्रभावित पुजारी कांकेर में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के “सुशासन तिहार-2026” के तहत पहली बार विशाल जनसमस्या निवारण महाशिविर आयोजित हुआ। जहां कभी जनताना सरकार की जन-अदालत लगती थी, वहीं अब प्रशासन ने सीधे गांव पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनीं और समाधान किया। शिविर में 17 से अधिक पंचायतों के ग्रामीण शामिल हुए।
धमतरी
महानदी की लहरों पर दौड़ी रफ्तार, गंगरेल नौकायान उत्सव में रचा इतिहास
52 टीमों की भागीदारी, महिला शक्ति ने बढ़ाया गौरव
मछली पालन से समिति को हो रही लाखों की आय
मां दुर्गा मछुआरा सहकारी समिति ने उन्नत तकनीक, गुणवत्तापूर्ण मत्स्य बीज एवं परिपूरक आहार से उत्पादन में की तीन गुणा वृद्धि