Drug Smuggling: दिल्ली से बेंगलुरु जा रही बस में मिली 2.6 किलो पार्टी ड्रग्स, DRI ने महिला को पकड़ा
Drug Smuggling: भोपाल में राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने दिल्ली से बेंगलुरु जा रही एक महिला को गिरफ्तार कर उसके पास से 2.604 किलोग्राम एम्फेटामाइन बरामद की। अधिकारियों के अनुसार, जब्त ड्रग्स की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 2 करोड़ रुपये है। मामले में सप्लायर और ड्रग्स की डिलीवरी से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
Drug Smuggling: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने एक बड़े ड्रग्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। टीम ने सटीक खुफिया इनपुट के आधार पर कार्रवाई करते हुए दिल्ली से बेंगलुरु जा रही एक म
हिला तस्कर को गिरफ्तार किया है और उसके पास से करीब 2.6 किलोग्राम प्रतिबंधित एम्फेटामाइन (पार्टी ड्रग्स) बरामद की है। जब्त की गई इस खेप की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 2 करोड़ रुपये आंकी गई है।
आईएसबीटी पर बिछाया गया जाल
डीआरआई (DRI) की टीम को पुख्ता सूचना मिली थी कि एक महिला संदिग्ध स्लीपर बस के जरिए भारी मात्रा में प्रतिबंधित पार्टी ड्रग्स लेकर दिल्ली से बेंगलुरु की यात्रा कर रही है। इस इनपुट पर तुरंत कार्रवाई करते हुए बुधवार तड़के भोपाल के मुख्य बस अड्डे (ISBT) पर निगरानी बढ़ा दी गई। जैसे ही संदिग्ध बस परिसर में रुकी, अधिकारियों ने सतर्कता दिखाते हुए तुरंत बस को घेर लिया। इसके बाद महिला को उसके सामान सहित सुरक्षित तरीके से नीचे उतारा गया।
बैग और पर्स में बनाई गई थीं गुप्त कैविटीज
अधिकारियों ने जब महिला के सामान की गहन तलाशी ली, तो चौंकाने वाले खुलासे हुए। आरोपी महिला ने
ड्रग्स को छिपाने के लिए बेहद शातिर तरीका अपनाया था। उसने अपने हैंडबैग और बड़े ट्रॉली बैग के अस्तर (lining) के बीच विशेष रूप से सीक्रेट जेबें (कैविटीज) तैयार की थीं।
तलाशी के दौरान:
इस तरह कुल मिलाकर 2 किलो 604 ग्राम (2.604 किलोग्राम) एम्फेटामाइन ड्रग्स जब्त की गई।
एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई, सिंडीकेट की तलाश जारी
मौके पर ही डीआरआई की टीम ने आधुनिक उपकरणों से बरामद ड्रग्स की शुरुआती टेस्टिंग की, जिसमें एम्फेटामाइन (Amphetamine) होने की पुष्टि हो गई। इसके बाद आरोपी महिला को एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act 1985) के प्रावधानों के तहत औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया है। अब डीआरआई इस अवैध कारोबार की गहरी छानबीन में जुटी है। एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दिल्ली में इस ड्रग्स का मुख्य सप्लायर सिंडीकेट कौन है और बेंगलुरु में इसे किसे डिलीवर किया जाना था। इस तस्करी से जुड़े अन्य लोगों के भी जल्द बेनकाब होने की संभावना है।