Friday, 30 Oct 2026 भारत
ब्रेकिंग
Raipur News: राज्योत्सव से पहले छत्तीसगढ़ में बढ़ेगी सियासी हलचल, छह केंद्रीय मंत्री करेंगे दौरा Crime News: तीन आदतन बदमाश जिलाबदर, हत्या-चोरी समेत 29 अपराधों में नाम Mhow Ganja Farming: अरहर के खेत में छिपकर उगाई जा रही थी गांजे की फसल, 3 लाख के पौधे जब्त, एक गिरफ्तार UP Food Safety Raid: मिठास में जहर, यूपी में छापेमारी के दौरान दुकानों पर मिले चूहे और भारी गंदगी, 229 को नोटिस ED EOW Raid:  रायपुर समेत कई जिलों में एक साथ छापेमारी Bastar Zila Panchayat: VB-G RAM G योजना में लापरवाही पर कार्रवाई, 2 तकनीकी सहायकों ने दिया इस्तीफा Raipur News: राज्योत्सव से पहले छत्तीसगढ़ में बढ़ेगी सियासी हलचल, छह केंद्रीय मंत्री करेंगे दौरा Crime News: तीन आदतन बदमाश जिलाबदर, हत्या-चोरी समेत 29 अपराधों में नाम Mhow Ganja Farming: अरहर के खेत में छिपकर उगाई जा रही थी गांजे की फसल, 3 लाख के पौधे जब्त, एक गिरफ्तार UP Food Safety Raid: मिठास में जहर, यूपी में छापेमारी के दौरान दुकानों पर मिले चूहे और भारी गंदगी, 229 को नोटिस ED EOW Raid:  रायपुर समेत कई जिलों में एक साथ छापेमारी Bastar Zila Panchayat: VB-G RAM G योजना में लापरवाही पर कार्रवाई, 2 तकनीकी सहायकों ने दिया इस्तीफा
W 𝕏 f
होम › राष्ट्रीय › Mhow Ganja Farming: अरहर के खेत में छिपकर उगाई जा…
210 cannabis plants seized from a field (Image Source: Keertiman Media)
210 cannabis plants seized from a field (Image Source: Keertiman Media)
🔴 BREAKING राष्ट्रीय

Mhow Ganja Farming: अरहर के खेत में छिपकर उगाई जा रही थी गांजे की फसल, 3 लाख के पौधे जब्त, एक गिरफ्तार

Mhow Ganja Farming: मध्य प्रदेश के महू में बड़गोंदा पुलिस ने अवैध गांजे की खेती का खुलासा किया है। ग्राम नाहरखोह के पहाड़ी इलाके में अरहर की फसल के बीच उगाए जा रहे 210 गांजे के पौधे जब्त किए गए। इनका कुल वजन 67 किलो 400 ग्राम और अनुमानित कीमत करीब 3 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस ने खेत मालिक मदन गिरवाल को गिरफ्तार कर NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।

अप्पू धीवर |  कीर्तिमान न्यूज
प्रकाशित: 30 Oct 2026, 11:06 AM · 4 मिनट पढ़ने का समय
महू
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश
Mhow Ganja Farming: मध्य प्रदेश के महू इलाके में पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। बड़गोंदा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्रामीण इलाके में पुलिस ने एक ऐसे खेत का पर्दाफाश किया है, जहां अरहर की फसल की आड़ में छिपकर गांजे के पौधे उगाए जा रहे थे। पुलिस ने मौके से 210 हरे गांजे के पौधे जब्त किए हैं, जिनका कुल वजन 67 किलो 400 ग्राम है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इनकी अनुमानित कीमत करीब 3 लाख रुपये आंकी गई है।

एक किलोमीटर पैदल चलकर खेत तक पहुँची पुलिस 

कार्रवाई के बारे में जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि गुरुवार को ग्राम नाहरखोह (तेलनबर्डी) के पहाड़ी इलाके में स्थित इस खेत तक पहुंचना आसान नहीं था। खेत दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में होने के कारण पुलिस टीम को करीब एक किलोमीटर तक पैदल चलना पड़ा। मुखबिर से मिली खास सूचना के आधार पर थाना प्रभारी प्रकाश वास्कले के नेतृत्व में पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर खेत की सघन तलाशी ली। इस दौरान अरहर की फसल के बीच बड़ी चालाकी से उगाए गए गांजे के पौधों की पहचान की गई और उन्हें सुरक्षित रूप से जब्त कर लिया गया।

आरोपी के पास नहीं था कोई लाइसेंस 

पुलिस ने मौके से खेत के मालिक और अवैध खेती के आरोपी मदन (41) पुत्र बालूसिंह गिरवाल को दबोच लिया है। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी के पास गांजे की खेती करने का कोई वैध लाइसेंस या अनुमति नहीं थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज कर लिया है और फिलहाल इस बात की जांच की जा रही है कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।

भोपाल मुख्यालय के निर्देश पर चल रहा है विशेष अभियान 

गौरतलब है कि पुलिस मुख्यालय भोपाल की नारकोटिक्स शाखा के सख्त निर्देशों के बाद से प्रदेशभर में अवैध मादक पदार्थों की खेती और तस्करी के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत बड़गोंदा पुलिस को यह बड़ी सफलता मिली है। इस पूरी कार्रवाई को सफल बनाने में थाना प्रभारी के साथ-साथ सहायक उप निरीक्षक मिथुन ओसारी और जगदीश डावर समेत अन्य पुलिसकर्मियों की अहम भूमिका रही।

आज नारकोटिक्स कार्यालय का घेराव करेंगे किसान

केंद्र सरकार की नई अफीम नीति को लेकर नीमच के किसानों का असंतोष अब सड़क पर उतर आया है। नीतियों में किए गए बदलावों से नाराज किसानों ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। किसान नेता राजकुमार अहीर के आह्वान पर आज (30 अक्टूबर) नीमच में बड़े पैमाने पर किसान एकजुट होने जा रहे हैं। 

क्या हैं किसानों की मुख्य नाराजगी की वजहें?

किसान नेताओं का कहना है कि नई अफीम नीति ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मुख्य आपत्तियां निम्नलिखित हैं:

  • मार्फिन की मात्रा में बदलाव: नीति में मार्फिन की निर्धारित मात्रा को 4.2 से बढ़ाकर 4.4 कर दिया गया है, जिसके चलते कई किसानों के चीरे वाले पट्टे प्रभावित हुए हैं।

  • सीपीएस पद्धति के नियम: सीपीएस पद्धति के तहत 90 किलो से अधिक औसत डोडा देने वाले किसानों को भी केवल पांच आरी के पट्टे दिए जाने से किसानों में भारी रोष है।

  • पुराने पट्टों की बहाली पर निराशा: किसानों को उम्मीद थी कि सरकार वर्ष 1997-98 के पुराने पट्टों को बहाल करेगी, लेकिन नई नीति में इस संबंध में किसी भी तरह की राहत नहीं दी गई है।

आंबेडकर सर्कल से निकलेगा मार्च 

नाराज किसानों की इन तमाम मांगों और समस्याओं को लेकर आज सुबह 11:30 बजे नीमच के आंबेडकर सर्कल (मेसी चौराहा) पर किसानों का भारी जमावड़ा शुरू हो चुका है। यहाँ से सभी किसान एक विरोध मार्च निकालते हुए सीधे नारकोटिक्स कार्यालय पहुँचेंगे और उप नारकोटिक्स आयुक्त को ज्ञापन सौंपकर नीति में संशोधन की मांग करेंगे।
क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? सुधार का अनुरोध करें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें