Umesh Pal Murder Case: वर्ष 2023 के सनसनीखेज उमेश पाल हत्याकांड का वांछित आरोपी मोहम्मद अरमान अब उत्तर प्रदेश पुलिस की गिरफ्त में है। बिहार के गया जेल में पिछले तीन सालों से बंद अरमान को कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद यूपी पुलिस प्रयागराज ला रही है। ट्रांजिट रिमांड मिलने के बाद उसे कड़ी सुरक्षा और मेडिकल जांच के उपरांत सड़क मार्ग से रवाना किया गया है। सोमवार को उसे प्रयागराज की जिला अदालत में पेश किया जाएगा।
बेटे का न हो जाए एनकाउंटर, खौफ में मां-बाप
दूसरी तरफ, अरमान के यूपी हस्तांतरण की खबर आते ही उसके परिजनों के बीच हड़कंप मच गया है। माता-पिता ने पुलिस कस्टडी में एनकाउंटर की आशंका जाहिर करते हुए उसकी सुरक्षा पर गहरे सवाल उठाए हैं। अरमान के परिवार ने गया की स्थानीय अदालत में अर्जी दाखिल कर मांग की थी कि उसे यूपी पुलिस को न सौंपा जाए, बल्कि अगर पूछताछ बेहद जरूरी है तो इसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पूरा किया जाए। हालांकि, अदालत ने इस याचिका को खारिज करते हुए ट्रांजिट रिमांड की मंजूरी दे दी।
मां बोलीं- बेटे को बनाया जा रहा बलि का बकरा
अरमान की मां असगरी खातून का कहना है कि उनके बेटे को इस पूरे षड्यंत्र में सिर्फ बलि का बकरा बनाया जा रहा है। परिवार का दावा है कि अरमान कोई खूंखार अपराधी नहीं है, बल्कि वह पहले प्रयागराज में छोटे-मोटे काम करके अपना पेट पालता था। पिता शमीम ने अंदेशा जताया कि चूंकि उमेश पाल हत्याकांड के कई आरोपी पहले ही पुलिस मुठभेड़ों में ढेर हो चुके हैं, इसलिए उन्हें अपने बेटे की जान का भारी डर सता रहा है।सीसीटीवी में बाइक चलाता दिखा था अरमान
24 फरवरी 2023 को प्रयागराज की सड़कों पर दिनदहाड़े उमेश पाल और उनके दो सरकारी गनरों की गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी गई थी। इस दुस्साहसिक वारदात के सीसीटीवी फुटेज में एक बाइक पर दो हमलावर दिखे थे। पुलिस की जांच के मुताबिक, उस बाइक को अरमान ही चला रहा था और उसके पीछे बमबाज गुड्डू मुस्लिम बैठा था। आरोप है कि मौके पर पहुंचते ही दोनों ने अंधाधुंध फायरिंग की और वारदात को अंजाम देकर फरार हो गए। हत्याकांड के बाद से ही यूपी पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। बाद में पता चला कि वह बिहार की गया जेल में किसी अन्य मामले में बंद है, जिसके बाद अब उसकी कस्टडी हासिल कर प्रयागराज लाया जा रहा है।

