"सरकारी योजना" के लिए 187 परिणाम मिले
हरदा में समाधान शिविर : ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर ही किया गया निराकरण
महासमुंद जिले के बसना विकासखंड के ग्राम हरदा में सुशासन तिहार 2026 के तहत समाधान शिविर आयोजित किया गया, जिसमें महिला आयोग की सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया मुख्य अतिथि रहीं। शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं और अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण के निर्देश दिए गए। कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने पर जोर दिया। शिविर में आयुष्मान कार्ड, आधार, जाति प्रमाण पत्र, ऋण पुस्तिका सहित कई दस्तावेजों का वितरण किया गया तथा विभिन्न ग्राम पंचायतों के लोगों ने अपनी मांगें और शिकायतें प्रस्तुत कीं। आगामी शिविर 8 मई को लोहारडीह में आयोजित किया जाएगा।
छत्तीसगढ़
सुशासन तिहार 2026 : BJP विधायक के ‘चप्पल से मारेंगे’ बयान पर बवाल, पटवारी संघ ने किया बहिष्कार का ऐलान
गरियाबंद जिले के छुरा ब्लॉक के पाटसिवनी में आयोजित सुशासन तिहार 2026 समाधान शिविर के दौरान बड़ा विवाद खड़ा हो गया। एक शिकायत में पटवारी पर 40 हजार रुपये रिश्वत लेने का आरोप सामने आने के बाद स्थानीय भाजपा विधायक रोहित साहू ने मंच से सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए और कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए कहा कि घूसखोरों को चप्पल से मारना चाहिए।
छत्तीसगढ़
नक्सलियों के गढ़ पूवर्ती में पहली बार जनगणना : 3 दिन में पूरे गांव का सर्वे, 234 मकान और 950 से ज्यादा आबादी दर्ज
सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित पूवर्ती गांव में पहली बार जनगणना का कार्य पूरा हुआ। माड़वी हिड़मा और देवा बारसे के गांव में महज 3 दिनों में 234 मकानों और 950 से ज्यादा आबादी का सर्वे किया गया। स्थानीय भाषा और संवेदनशील परिस्थितियों के बावजूद टीम ने हर घर तक पहुंचकर काम पूरा किया। कलेक्टर अमित कुमार ने इसे प्रेरणादायक बताया। कभी नक्सल आतंक के लिए चर्चित पूवर्ती अब विकास और प्रशासनिक पहुंच की नई मिसाल बन रहा है।
डिजिटल क्रांति : ताहकाडोंड में मोबाइल टावर से टूटा नो नेटवर्क का सन्नाटा, गांव सीधे जुड़ा दुनिया से
छत्तीसगढ़ के Chhattisgarh के बस्तर संभाग स्थित Narayanpur district के सुदूर गांव Tahkadonod village में मोबाइल टावर लगने से लंबे समय से चला आ रहा संचार का सन्नाटा खत्म हो गया है। अबूझमाड़ क्षेत्र के इस गांव और आसपास के इलाकों में लोग अब घर बैठे मोबाइल नेटवर्क से जुड़कर आसानी से बातचीत कर पा रहे हैं। पहले जहां फोन करने के लिए पहाड़ों पर चढ़ना पड़ता था, वहीं अब आपातकालीन सेवाएं, बैंकिंग और सरकारी योजनाओं तक सीधी पहुंच संभव हो गई है। यह बदलाव ग्रामीणों के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा और आर्थिक अवसरों में बड़ी सुविधा लेकर आया है। कुल मिलाकर यह पहल दूरस्थ आदिवासी क्षेत्रों को डिजिटल मुख्यधारा से जोड़ने और जीवन स्तर सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
सुशासन तिहार : आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ती लखपति दीदी से करोड़पति दीदी तक की कहानी
कबीरधाम जिले के दूरस्थ वनांचल क्षेत्र में सुशासन तिहार के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ग्राम लोखान के कमराखोल में ग्रामीणों और महिलाओं से संवाद किया। आम के पेड़ के नीचे हुई चौपाल में महिलाओं ने अपने संघर्ष और आत्मनिर्भर बनने की कहानियाँ साझा कीं। बिहान योजना से जुड़ी कई महिलाएं अब “लखपति दीदी” बन चुकी हैं और आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं। मुख्यमंत्री ने उन्हें और आगे बढ़कर “करोड़पति दीदी” बनने का लक्ष्य रखने के लिए प्रेरित किया।
अंधेरे से उजाले तक : पीएम आवास और मनरेगा ने दी दृष्टिबाधित दंपति को नई जिंदगी
छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के गोविंदपुर गांव के दृष्टिबाधित दंपति कृष्णा पहाड़ी कोरवा और अनिता की जिंदगी सरकारी योजनाओं की मदद से पूरी तरह बदल गई है। प्रधानमंत्री आवास योजना और जनमन योजना के तहत उन्हें पक्का घर मिला, जिसकी चाबी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रजत जयंती समारोह में सौंपी। मनरेगा के तहत उन्हें नियमित रोजगार मिला, जिससे वे आत्मनिर्भर बने। इसके अलावा अंत्योदय अन्न योजना, आयुष्मान भारत और दिव्यांग पेंशन जैसी योजनाओं ने उन्हें आर्थिक और स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान की। यह कहानी सुशासन और सरकारी योजनाओं के प्रभाव से जीवन में आए सकारात्मक बदलाव का उदाहरण है।
कृषि संकल्प अभियान के तहत रथ को हरी झंडी, किसानों तक पहुंचेगी योजनाओं की जानकारी
जनपद पंचायत बागबाहरा में “विकसित कृषि संकल्प अभियान” के तहत कृषि रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। यह अभियान 5 मई से 20 मई 2026 तक चलेगा, जिसके दौरान रथ विभिन्न गांवों में जाकर किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों, उन्नत बीज, उर्वरक प्रबंधन और सरकारी योजनाओं जैसे एग्रीस्टेक, स्वायल हेल्थ कार्ड और प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की जानकारी देगा। इस पहल का उद्देश्य किसानों को जागरूक कर उनकी आय बढ़ाना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। कार्यक्रम में कई जनप्रतिनिधि और कृषि विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
सुशासन तिहार : उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने 9.95 करोड़ के विकास कार्यों का किया लोकार्पण व भूमिपूजन
पाटन नगर में सुशासन तिहार-2026 के तहत आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में उपमुख्यमंत्री अरुण साव शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने लगभग 9.95 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन किया, जिससे क्षेत्र की अधोसंरचना को मजबूती मिली। उन्होंने शिविर का निरीक्षण कर अधिकारियों को जनता की शिकायतों के शीघ्र समाधान के निर्देश दिए और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री आवास योजना, धान खरीदी और महतारी वंदन योजना की जानकारी दी।
महासमुंद
कमार जनजाति परिवारों का डिजिटल सर्वे पूर्ण, केंद्र सरकार बनाएगी विशेष उत्थान योजनाएं
जिले में प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान के तहत विशेष पिछड़ी कमार जनजाति के लगभग 940 परिवारों का डिजिटल सर्वे पूरा किया गया, जिसमें उनकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति और सरकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी एकत्र की गई। इस डेटा के आधार पर जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा उनके उत्थान के लिए विशेष योजनाएं तैयार की जाएंगी, जिससे उनके जीवन स्तर और आर्थिक स्थिति में सुधार हो सकेगा।
महासमुंद
कृषि संकल्प यात्रा : जैविक खेती, मिलेट्स और आधुनिक तकनीक पर किसानों को मिलेगा प्रशिक्षण
जिले में किसानों को आधुनिक और उन्नत कृषि तकनीकों से जोड़ने के उद्देश्य से विकसित कृषि संकल्प यात्रा की शुरुआत कलेक्ट्रेट परिसर से की गई। विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा ने किसान रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह यात्रा 05 मई से 20 मई 2026 तक चलेगी, जिसमें रथ गांव-गांव जाकर किसानों को जैविक खेती, उन्नत बीज, कृषि यंत्रों, फसल चक्र परिवर्तन, मिलेट्स उत्पादन और सरकारी कृषि योजनाओं की जानकारी देगा।
शिविर : 314 में से 250 से अधिक आवेदनों का मौके पर समाधान, ग्रामीणों को मिली बड़ी राहत
छत्तीसगढ़ के विष्णु देव साय के नेतृत्व में चल रहे ‘सुशासन तिहार’ अभियान के तहत धमतरी जिले के कुकरेल में आयोजित समाधान शिविर में प्रशासन ने 314 में से 250 से अधिक आवेदनों का मौके पर ही निपटारा किया। इस शिविर में 17 ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों की समस्याएं सुनी गईं और अधिकांश को तुरंत मंजूरी या प्रक्रिया में लिया गया। जल संसाधन, स्वास्थ्य, राजस्व, कृषि और महिला-बाल विकास विभाग के माध्यम से लोगों को योजनाओं का सीधा लाभ भी दिया गया। अभियान का उद्देश्य प्रशासन को जनता के करीब लाना और शिकायतों का तेज, पारदर्शी समाधान सुनिश्चित करना है।
संघर्ष से स्वावलंबन तक : भीमा मारकंडे को ट्राइसाइकिल ने दी नई उड़ान
भीमा मारकंडे, राजनांदगांव जिले के डोंगरगांव ब्लॉक के ग्राम हरदी के निवासी हैं, जो एक दुर्घटना में गंभीर रूप से दिव्यांग हो गए थे। 80% दिव्यांगता के बावजूद वे अपने परिवार, खासकर दो छोटी बेटियों की जिम्मेदारी निभा रहे थे। हाल ही में समाज कल्याण विभाग की पहल से उन्हें बैटरी चलित मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल प्रदान की गई, जिससे उनकी आवाजाही और आत्मनिर्भरता की राह आसान हो गई है। यह सहायता उन्हें सुशासन तिहार कार्यक्रम के दौरान मिली। अब भीमा रोजगार के अवसरों की तलाश में बिना किसी सहारे के आ-जा सकेंगे और अपने जीवन को फिर से मजबूती से आगे बढ़ा सकेंगे।