"किसान" के लिए 704 परिणाम मिले
बिलासपुर
तीन हाथियों के दल का तांडव : 15 किसानों की फसल रौंदी, 3 मकान ढहाए, एमपी सीमा से दाखिल हुआ कुनबा
मरवाही वन मंडल क्षेत्र में तीन हाथियों के दल ने चिचगोहना और घुसरिया गांव में जमकर नुकसान पहुंचाया। हाथियों ने तीन मकानों को क्षतिग्रस्त करने के साथ करीब 15 किसानों की फसल रौंद दी। वन विभाग ने इलाके में अलर्ट जारी कर ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील की है।
राष्ट्रीय
आदिवासी अंचल में सूखे जैसे हालात, खेतों में दरारें देख किसानों की बढ़ी चिंता
बारिश नहीं होने से ढीमरखेड़ा क्षेत्र के ग्राम कोठी और आसपास के गांवों में खेती संकट में आ गई है। खेतों में दरारें पड़ने लगी हैं और किसान बोरवेल के सहारे धान की फसल बचाने की कोशिश कर रहे हैं। लगातार बिजली कटौती से सिंचाई प्रभावित हो रही है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। किसानों की समस्या को देखते हुए बड़वारा विधायक धीरेंद्र बहादुर सिंह ने बिजली विभाग के अधिकारियों से मुलाकात कर निर्बाध बिजली आपूर्ति के निर्देश दिए हैं।
राज्य सरकार
महासमुंद में मिलेट्स पर कार्यशाला, डॉ. खादर वली ने किसानों को बताए फायदे
महासमुंद में अन्न (मिलेट्स) को बढ़ावा देने कार्यशाला आयोजित की गई, जिसमें पद्मश्री डॉ. खादर वली ने किसानों को मिलेट्स के पोषण लाभ, प्राकृतिक खेती और कम लागत में बेहतर उत्पादन के तरीके बताए। उन्होंने किसानों से कोदो, कुटकी और रागी जैसी फसलों को अपनाने की अपील की।
महासमुंद
महासमुंद के किसानों को राहत, फसल बीमा कराने का बढ़ा मौका, जाने अंतिम तिथि
महासमुंद जिले में खरीफ 2026 के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की अंतिम तिथि बढ़ाकर 14 अगस्त कर दी गई है। किसान बैंक, सहकारी समिति या CSC के माध्यम से फसल बीमा करा सकते हैं।
राज्य सरकार
सरगुजा के किसान ने अपनाई आधुनिक तकनीक, ड्रिप सिंचाई से मिली खेती को नई दिशा
सरगुजा जिले के किसान आनंद राम पैकरा ने सूक्ष्म सिंचाई योजना का लाभ लेकर ड्रिप सिंचाई तकनीक अपनाई है। इससे पानी, समय और श्रम की बचत के साथ टमाटर व गोभी जैसी फसलों का उत्पादन बढ़ा है। आधुनिक तकनीक से किसान खेती को अधिक लाभकारी और आत्मनिर्भर बना रहे हैं।
महासमुंद
किसान के खेत से 96 हजार का सोलर पंप सेट पार, अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज
महासमुंद जिले के सिंघोड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम रक्शा में किसान के खेत से करीब 96 हजार रुपये कीमत का सोलर पंप सिस्टम चोरी हो गया। पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
खैरागढ़-छुईखदान-गंडई
बड़ी कार्रवाई: एक्सपायरी कीटनाशक बेचने वाला कृषि केंद्र सील, किसानों की फसल से खिलवाड़ पड़ा भारी
खरीफ सीजन के दौरान कृषि विभाग ने ईतवारी बाजार स्थित एक कृषि केंद्र पर छापेमारी कर बड़ी मात्रा में एक्सपायरी कीटनाशक बरामद किए। जांच में इनके विक्रय की पुष्टि होने पर दुकान को सील कर पूरा स्टॉक जब्त कर लिया गया। विभाग ने संचालक को नोटिस जारी करते हुए किसानों से नकली या अवैध कृषि सामग्री की सूचना देने की अपील की है।
राज्य सरकार
सफलता की मिसाल : धान छोड़ गेंदा की खेती से किसान को 2 लाख का मुनाफा
गरियाबंद के छुरा विकासखंड के ग्राम कसेकेरा निवासी किसान हेमचंद साहू ने पारंपरिक धान की खेती छोड़ आधुनिक तकनीकों के साथ गेंदा फूल की खेती अपनाकर सफलता हासिल की है। ड्रिप सिंचाई और मल्चिंग तकनीक के उपयोग से उन्हें करीब 2 लाख रुपये का शुद्ध लाभ हुआ, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हुई और अन्य किसान भी इस मॉडल से प्रेरित हो रहे हैं।
कोरबा
हाथी का हमला : खेत से लौट रहे किसान की मौत, वन विभाग ने जारी किया अलर्ट
कोरबा के करतला वन परिक्षेत्र के बड़मार गांव में खेत से लौट रहे 53 वर्षीय किसान जगेश्वर राठिया की लोनर हाथी के हमले में मौत हो गई। वन विभाग ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू की है और आसपास के गांवों में मुनादी कर लोगों को सतर्क रहने की अपील की है। मृतक के परिजनों को नियमानुसार तत्काल सहायता राशि प्रदान की जाएगी।
महासमुंद
अनूठी पहल : महासमुंद में व्यवहारिक कृषि शिक्षा से खेतों के लिए तैयार हो रहे भविष्य के किसान
महासमुंद के एक विद्यालय में विद्यार्थियों को खेतों, नर्सरी और कृषि प्रायोगिक प्रक्षेत्र में आधुनिक खेती का व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य छात्रों को वैज्ञानिक कृषि तकनीकों से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर और स्वरोजगार के लिए सक्षम बनाना है।
सरगुजा संभाग
खाद संकट से किसानों की बढ़ी परेशानी, यूरिया-डीएपी महंगे दामों पर बेचने का आरोप, थोक विक्रेताओं पर कार्रवाई की मांग
सरगुजा जिले में खाद की कमी और बढ़ी कीमतों को लेकर किसानों की परेशानी बढ़ गई है। किसानों का आरोप है कि निजी दुकानदार यूरिया और डीएपी खाद को निर्धारित दर से अधिक कीमत पर बेच रहे हैं। वहीं बड़े थोक विक्रेताओं पर कार्रवाई नहीं होने से खाद की कालाबाजारी को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
राज्य सरकार
कूप निर्माण ने बदली किसान की किस्मत, बारिश पर निर्भर खेती से मिली सालभर सिंचाई की सुविधा
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के किसान अरुण की खेती में बड़ा बदलाव आया है। विकसित भारत-रोजगार और आजीविका मिशन के तहत निजी भूमि पर बने कूप से उन्हें स्थायी सिंचाई सुविधा मिली। पहले बारिश पर निर्भर रहने वाले अरुण अब धान के साथ गेहूं और सब्जियों की खेती कर रहे हैं। करीब 6.5 एकड़ जमीन में सालभर सिंचाई होने से उनकी आय 45 हजार रुपये से बढ़कर लगभग 1.50 लाख रुपये तक पहुंच गई है।